एम.जी. रोड़ स्थित सम्राट होटल में लगी पुस्तक प्रदर्शनी में युवाओं के साथ-साथ बच्चे भी पहुंच रहे हैं। यहां बच्चे अपने लिए कामिक्स के साथ-साथ राजा-महाराजाओं के इतिहास और कहानियों की पुस्तकों की डिमांड कर रहे हैं। युवाओं में जहां नाथूराम गोडसे की पुस्तक व प्रेमचंद्र के साहित्य की डिमांड भी यहां की जा रही है। सम्राट होटल में आयोजित यह पुस्तक मेला 30 नवंबर तक जारी रहेगा। वहीं यहां स्कूल, कॉलेज के विद्यार्थियों के साथ-साथ साहित्य प्रेमियों के लिए भी किताबों का खजाना खोला गया है। जो यहां अपने मन-पसंद लेखकों व साहित्यकारों की पुस्तक खरीद व देख सकते हैं।
भिषेक बुक फेयर एवं पुस्तक प्रदर्शनी आयोजक शशिकुमार राय ने बताया कि आधुनिकता के इस युग में भले ही लोग सोशल मीडिया के आधी हो गए हों लेकिन किताबों का ज्ञान आज भी सर्वोपरी हैं। सोशल मीडिया में सभी जानकारियां तो उपलब्ध है लेकिन उसकी सत्यता का कोई प्रमाण नहीं है। लेकिन किताबों में लेखक व साहित्यकारों की रचना अपनी स्वंय रचित रहती है और इन रचनाओं में रचनापन अलग ही झलकता है। पुस्तक प्रेमियों को अलग-अलग लेखकों की लिखी रचना, कविता, हास्य व्यंग्य इन पुस्तक मेलों में ही देखने व पढऩे को मिलता है। सोशल मीडिया में आज भी आधा-अधुरा ज्ञान परोसने का चलन है और आधा ज्ञान हमारे मस्तिष्क का विकास कभी नहीं कर सकता। सम्राट होटल में आयोजित इस पुस्तक मेले में युवा वर्ग तो पहुंच ही रहा है साथ ही यहां महिलाएं और पुरूष वर्ग भी बड़ी संख्या में किताबों को देखने व खरीदने पहुंच रहे हैं। पुस्तक मेला सुबह 10 से रात 10 बजे तक सभी पुस्तक प्रेमियों के लिए खुदा है।










































