ग्राम पंचायतों में कार्यरत रोजगार सहायकों ने अपनी ३ सूत्रीय मांगों को लेकर १७ अक्टूबर को जनपद पंचायत कार्यालय पहुंचकर मुख्य कार्यपालन अधिकारी के नाम एपीओं रूपेश इवने को ज्ञापन सौंपकर ५ दिवसीय अवकाश लेकर हड़ताल पर चले गये है एवं शासन से नियमिततीकरण, वेतनवृध्दि एवं सहमति से स्थानांतरण किये जाने की मांग जल्द पूरी करने की मांग की है एवं मांगे पूरी नही होने पर प्रांतीय आव्हान पर आगामी समय में आंदोलन करने की चेतावनी भी शासन-प्रशासन को दी है। रोजगार सहायकों के ५ दिवसीय अवकाश पर चले जाने के कारण शासन की योजनाओं का लाभ लेने वाले हितग्राहियों को परेशानी होगी एवं पंचायत के कार्य भी प्रभावित होगें। रोजगार सहायक संतोष डोरस ने बताया कि रोजगार सहायक संगठन के प्रांतीय आव्हान पर १७ अक्टूबर से ५ दिवसीय सामूहिक अवकाश पर जा रहे है और विगत ५ वर्षों से नियमिततीकरण, वेतन वृध्दि एवं सहमति से स्थानांतरण किये जाने की मांग को लेकर लड़ाई लड़ते आ रहे है परन्तु सरकार के द्वारा पूरा नही किया जा रहा है इसलिए ५ दिवसीय अवकाश लेकर कार्य नही करेगें उसके बाद भी मांगे पूरी नही हुई तो प्रांतीय आव्हान पर जो निर्देश मिलेगें उसके अनुसार कार्य करेगें और आगामी रणनीति रहेगी अनिश्चितकालीन हड़ताल या सामूहिक इस्तीफा दिया जायेगा जिसकी जवाबदारी शासन-प्रशासन की होगी।
चर्चा में जनपद पंचायत लालबर्रा के एपीओं रूपेश इवने ने बताया कि प्रांतीय आव्हान पर रोजगार सहायक ५ दिवस का अवकाश एवं अपनी जायज मांगों के संबंध में जानकारी देकर अवकाश पर चले गये है और ग्राम पंचायत की सबसे छोटी कड़ी होते है रोजगार सहायक इनके अवकाश में चले जाने से पंचायत के कार्य प्रभावित तो होगें परन्तु हम कोशिश करेगें कि पंचायत सचिवों के माध्यम से पंचायत का कार्य सुचारू रूप से किया जाये।










































