जिले के नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में निवास करने वाले ऐसे कई आदिवासी क्षेत्र है जहां वर्षों से निवास करने वाले आदिवासी समुदाय के लोगों को अब तक शासन द्वारा आवासीय पट्टे का वितरण नहीं किया गया है।
जिसके कारण वे आज भी प्रधानमत्री आवास योजना के लाभ से वंचित है।शासकीय कार्यालय के कई बार चक्कर काटने के बाद भी उन्हें आज तक आवासी पट्टों का वितरण नहीं किया गया है । इसके अलावा आदिवासी समुदाय के कई लोग आज भी शासन- प्रशासन की विभिन्न योजनाओं से महरुम है जो इन योजनाओं का लाभ लेने के लिए शासकीय कार्यों के चक्कर काटते नजर आ रहे हैं।
जिसका एक नजारा मंगलवार को कलेक्टर कार्यालय में आयोजित जनसुनवाई में देखने को मिला जहां मलाजखंड के सुहाना नगर से आए 2 दर्जन से अधिक ग्रामीणों ने ज्ञापन सौंपकर आवासीय पट्टे ,प्रधानमंत्री आवास, रोजगार सहित अन्य शासकीय योजनाओं का लाभ दिलाने की मांग की। जहा ग्रामीणों ने स्थानीय प्रशासन पर टैक्स लेने के बावजूद भी शासकीय योजनाओं का लाभ और अन्य प्रकार की सुविधाएं ना दिए जाने का आरोप लगाया है










































