पदमेश न्यूज़,बालाघाट। जिले के कई गांवों को नशे से मुक्त कराने के लिए महिलाएं, नशा मुक्ति संगठन बनाकर नशामुक्ति की दिशा में प्रयास कर रही है, लेकिन उन्हें शराब बनाने व उसका विक्रय करने वालों के विरोध का लगातार सामना करना पड़ रहा है।तो वही अब उन महिलाओ के खिलाफ थाने में अपराध भी दर्ज होने लगे है। एक ऐसे ही मामले में शराब पकड़ने के दौरान महिलाओं पर रुपये चोरी करने का आरोप लगा है, ये मामला जिले के लामता थाना क्षेत्र कर अंतर्गत आने वाले ग्राम टाकाबर्रा का है। समिति की महिलाओं ने इस मुसीबत से उन्हें बचाने के लिए गुरुवार को जिला मुख्यालय पहुंचकर पुलिस अधीक्षक से गुहार लगाई हैं।
11 डिब्बा पकड़ी शराब तो लग गया 50 हजार की चोरी का आरोप
नशा मुक्ति समिति टाकाबर्रा की महिलाएं कृष्णा लिल्हारे, ओमेश्वरी लिल्हारे, शिवरी बघेल सहित अन्य ने बताया कि वे लोग गांव को नशा मुक्त बनाने और युवाओं को नशे बचाने के लिए अगस्त माह से नशे के विरुद्ध काम कर रहे है। जिसके चलते ही समिति की महिलाओं ने तीन मार्च को गीता वड़कड़े के मकान की छत से 11 डिब्बा महुआ की शराब और शराब बनाने की सामग्री को पकड़कर इसकी सूचना पुलिस को दी। उन्होंने बताया कि शराब के डिब्बे अभी भी समिति के पास ही है। इसी दौरान शराब बनाने व उसका विक्रय करने वाली महिला ने लामता थाना में शिकायत की है, कि शराब पकड़ने के नाम पर महिलाओं ने उसके घर से 50 हजार रुपये की चोरी कर लिए है, जो कि झूठा आरोप है।
झूठा आरोप लगाने वाली महिला पर की जाए कार्यवाही
महिलाओं ने बताया कि ऐसा झूठा आरोप लगाकर शराब बनाने वाली महिला समिति के कार्य में बांधा डालने का काम कर रही है। जिसके चलते ही पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर मामले की उचित जांच कर झूठा आरोप लगाने वाली महिला के विरुद्ध उचित कार्रवाई किए जाने की मांग की गई है, जिससे समिति की महिलाएं सही व समुचित तरीके से अपने अभियान को चला सके। महिलाओं ने बताया कि नशा मुक्ति अभियान चलाने से पहले गांव के हालात बहुत की खराब हो चुके थे। जगह-जगह खुले आम शराब बनाने व उसका विक्रय करने से घरेलू विवाद, मारपीट, युवतियाें को परेशानी सहित अन्य गंभीर हालात उत्पन्न हो गए थे। जिसके चलते ही सर्वसम्मिति से निर्णय लेकर नशा मुक्ति अभियान चलाया जा रहा है।









































