PM Kisan: प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना में कई ऐसे लोग शामिल हो गए हैं। जो इसके नियम और शर्तों को पूरा नहीं करते हैं। फिर भी इस स्कीम का फायदा उठा रहे हैं। ऐसे में केंद्र सरकार ने अपात्र किसानों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का फैसला लिया है। वहीं पैसे वसूली करना शुरू कर दिया है। साथ ही प्रदेश सरकारें भी गलत तरीके से किश्त का लाभ उठाने वालों को स्कीम से बाहर कर रही है।
पति-पत्नी दोनों ले रहे किश्त तो करना होगा वापस
अगर घर में एक ही जमीन पर एक से अधिक सदस्य पीएम किसान योजना की किश्त ले रहे हैं। तब पूरे पैसे वापस करने होंगे। मान लीजिए अगर किसी घर में पत्नी और पति दोनों स्कीम का फायदा उठा रहे हैं. तो उन्हें पैसा लौटाना होगा। नियमों के तहत एक ही मेंबर प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के तहत किश्त ले सकता है। ऐसे में अपात्र पर धोखाधड़ी का केस दर्ज हो सकता है। वहीं जेल भी जाना पड़ सकता है।
कई फर्जी मामले आए सामने
उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले में 9219 अपात्र किसानों को सरकार ने नोटिस दिया है। वहीं जल्द योजना से मिले पैसे वापस करने को कहा है। इन मामलों में अधिकतर फर्जी तरीके से मृतक किसान, गलत बैंक अकाउंट में रकम ट्रांसफर, फर्जी आधारकार्ड और पेशनधारक शामिल है।
कहां देने होंगे पैसे
पीएम किसान योजना के तहत अपात्र लोगों को उपकृषि निदेशक ऑफिस में पैसे जमा कराने होंगे। रकम जमा करते पर उन्हें रसीद मिलेगी। राशि देने के बाद उनका डेटा भी वेबसाइट से हट जाएगा। बता दें 42 लाख से अधिक लोग गलत तरीके से स्कीम के तहत 2900 करोड़ रुपए सरकार से ले चुके हैं। गौरतलब है कि मोदी सरकार ने साल 2018 में इस योजना की शुरुआत की है। इस स्कीम में किसानों को तीन किस्तों में छह हजार रुपए मिलते हैं।










































