शहर की यातायात व्यवस्था को व्यवस्थित करने, नगरपालिका ने ट्रेफिक सिंग्नल तो लगा दिए है, लेकिन, ट्रेफिक सिग्नल की रेड और ग्रीन लाईट की अव्यवहारिक टायमिंग से वाहन चालक परेशान हो रहें है।
उल्लेखनीय है कि मोती नगर की ओर से रोजाना वाहन से ऑफिस और अन्य कार्य के लिए वाहन का उपयोग करने जाने वाले वाहन चालक समीर ने बताया कि सिग्नल पर रेड लाईट की टायमिग तकरीबन 2 मिनट है, जबकि ग्रीन लाईट का समय 30 सेकंड है, जिससे काफी देर तक खड़ा रहना पड़ता है, जिसमें रेड और ग्रीन लाईट के समय को घटाया और बढ़ाया जाना चाहिए।
इसके अलावा भी स्टेडियम होते हुए एलआईसी चौक से निकलने वाले और काली पुतली चौक से आने वाले वाहनों के बीच भी सिंग्नल खुलने पर वाहनो के बीच आपस में टक्कर जैसी स्थिति बन रही है।
गौरतलब है कि इससे पूर्व में तत्कालीन नगरपालिका कार्यकाल में काली पुतली चौक और हनुमान चौक पर लगाए गए ट्रेफिक सिग्नल, एक माह चलने के बाद बंद हो गए थे। जिसके तकरीबन पांच साल बाद, अब नए पुलिस अधीक्षक के द्वारा आंबेडकर चौक से नए ट्रेफिक सिग्नल की शुरूआत की गई है। जिसकी शुरूआत में अभी से लोगों को सिंग्नल के टायमिंग समय पर परेशानी हो रही है। हालांकि यातायात प्रभारी यीना राहंगडाले ने बताया कि ऐसी स्थिति दो जगह पर है, एलआईसी और जयस्तंभ चौक की ओर से आने वाले ट्रेफिक और हनुमान चौक से काली पुतली चौक के ट्रेफिक छूटने के दौरान ऐसी स्थिति बन रही है। जिसमें हमें 5 से 7 सेकंड का टायमिंग सेट करना होगा। जिसके लिए हमने नगरपालिका से चर्चा की है, नगरपालिका ने बताया कि ट्रेफिक सिंग्नल के टायमिंग को साफ्टवेयर से चेंज करने 5-6 दिन में आने वाला है, जिसके बाद हम इस समस्या में भी सुधार कर लेंगे। जहां तक दो मिनट तक ट्रेफिक को रोेकने का टायमिंग है, वह केवल मोतीनगर से आने वाले ट्रेफिक पर है और यदि किसी मार्ग पर होगा तो उसे भी दुरुस्त कर लिया जायेगा.










































