Guna Youth Transform Schools: गुना की बमौरी विधानसभा में अग्रवाल समाज के युवाओं ने विधायक ऋषि अग्रवाल की प्रेरणा से सवा लाख रुपये खर्च कर दो सरकारी स्कूलों का कायापलट कर दिया है। खंडहर जैसे दिखने वाले स्कूलों की मरम्मत और रंग-रोगन कर उन्हें प्राइवेट स्कूलों जैसा बना दिया गया है।गुना: खुद के लिए तो हर कोई जीता है, लेकिन असली सुकून अपनों और जरूरतमंदों के चेहरों पर मुस्कान लाने में ही मिलता है। कुछ ऐसा ही कर दिखाया है मध्य प्रदेश के गुना जिले की बमौरी विधानसभा के युवाओं ने। इन नौजवानों ने वह कर दिखाया जो आज पूरे इलाके के लिए एक बड़ी मिसाल बन गया है। इन युवाओं ने मिलकर दो सरकारी स्कूलों की सूरत ही बदल दी है, जिन्हें देखकर अब अच्छे-अच्छे प्राइवेट स्कूल भी मात खा जाए।
विधायक की प्रेरणा से जगी सेवा की अलख
यह पूरी कहानी तब शुरू हुई जब अग्रसेन महोत्सव से पहले आयोजित एक कार्यक्रम में बमौरी विधायक इंजी. ऋषि अग्रवाल मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे। उन्होंने युवाओं के सामने एक छोटी सी लेकिन बेहद गहरी बात रखी कि समाज के युवाओं को आदिवासी, गरीब और वंचित वर्गों के लिए भी कुछ करना चाहिए। विधायक की यह बात युवाओं के दिलों में ऐसी उतरी कि खंडहर से कैसे बने शानदार स्कूल?
विचार-विमर्श के बाद युवाओं ने शासकीय प्राथमिक विद्यालय मढ़ई और शासकीय प्राथमिक विद्यालय तारापुर को चुना। बाहर से देखने पर ये स्कूल किसी सुनसान खंडहर जैसे नजर आते थे, जहां बच्चों का बैठना भी मुश्किल था। लेकिन 25 सितंबर से शुरू हुआ बदलाव किसी जादू से कम नहीं था। युवाओं ने अपनी जेब से सवा लाख रुपये से अधिक की राशि खर्च कर स्कूलों की छतों की मरम्मत कराई, शानदार रंग-रोगन करवाया और चप्पे-चप्पे की विशेष साफ-सफाई की। आज इन स्कूलों का नजारा पूरी तरह बदल चुका है।
बच्चों की मासूम जिद और युवाओं का दिल
सेवा का यह सफर यहीं नहीं थमा। इन नौजवानों का निस्वार्थ भाव देखकर स्कूल के बच्चे इतने घुल-मिल गए कि उन्होंने बड़ी मासूमियत से आग्रह कर डाला कि भैया, स्कूलों की मरम्मत तो हो गई, अब इन अतिरिक्त कक्षों को भी नया जैसा चमका दो! बच्चों की इस प्यारी सी मनुहार को इन युवाओं ने सर्वोपरि माना और तुरंत अतिरिक्त कक्षों की भी रंगाई-पुताई करवा दी।







































