FMCG सेक्टर पर महंगाई ने ज्यादा असर नहीं दिखाया है। चालू वित्त वर्ष में यानी मार्च 2023 तक इनकी बिक्री 7-9% बढ़ने का अनुमान है। संगठित क्षेत्र की कंपनियों की बिक्री इससे ज्यादा 9-11% बढ़ सकती है। हाल की तिमाहियों में इस सेक्टर की बड़ी कंपनियां तेजी से असंगठित क्षेत्र हथिया रही हैं।
दरअसल, देश में खास तौर पर शहरी इलाकों में बिस्किट, साबुन, टूथ पेस्ट जैसे रोजाना खपत के प्रोडक्ट्स (FMCG) की मांग बढ़ रही है। इस बीच FMCG कंपनियों ने कई छोटे-बड़े ब्रांड का अधिग्रहण करके विस्तार की रणनीति अपना रखी है। रेटिंग एजेंसी क्रिसिल के मुताबिक, अगले वित्त वर्ष भी FMCG सेक्टर की ग्रोथ 10% के आसपास रहने की संभावना है।
शहरी इलाकों में बढ़ रही डिमांड
क्रिसिल सीनियर डायरेक्टर अनुज सेठी ने बताया कि बीते 12 महीनों में शहरी इलाकों में FMCG की डिमांड पर महंगाई ने ज्यादा असर नहीं दिखाया है। इस लिहाज से बिक्री अच्छी है। हालांकि, ग्रामीण इलाकों में डिमांड थोड़ी सुस्त है।










































