पद्मेश न्यूज। वारासिवनी। नगर के अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय के सामने २ अप्रैल को मंडी प्रशासन की बड़ी कार्यवाही देखने को मिली। कृषि उपज मंडी वारासिवनी के उडऩदस्ता दल ने अवैध रूप से कृषि उपज का परिवहन कर रहे दो पिकअप वाहनों को रोककर उन पर नियमानुसार कार्यवाही की। इन वाहनों में भारी मात्रा में मिर्ची लदी हुई थी जिसे बिना किसी वैध दस्तावेज और मंडी शुल्क चुकाए ले जाया जा रहा था। यह कार्यवाही एसडीएम वारासिवनी के सख्त निर्देशों और सचिव कृषि उपज मंडी वारासिवनी के कुशल मार्गदर्शन में संपन्न हुई। इसमें क्षेत्र निरीक्षण के दौरान सक्रिय मंडी उडऩदस्ता दल जिसमें प्रभारी नगेंद्र रंगारे ,मंडी कर्मचारी विशाल राजपूत ,विक्रांत देशमुख ,नखन सिंह धुर्वे एवं रूपलाल ऊईके के साथ नगर में भ्रमण कर रहे थे। उनके द्वारा देखा गया कि दो पिकअप वाहन में ऊंची हाइट तक मिर्च भरकर परिवहन किया जा रहा है तो संदेह के आधार पर वाहनों की चेकिंग की गयी। जाँच के दौरान पाया गया कि मध्य प्रदेश कृषि उपज मंडी अधिनियम १९७२ की धारा १९,६ का उल्लंघन करते हुए बिना वैध अनुज्ञा और दस्तावेजों के मिर्ची का परिवहन किया जा रहा था। मंडी प्रशासन द्वारा पकडे गये वाहन क्रमांक एम एच ४० बी एल५८८१ जो बालाघाट से वारासिवनी आ रही थी। जिसमें नसीम खान की १२.६० क्विंटल मिर्ची थी जिस पर ५ गुना मंडी शुल्क, निराश्रित शुल्क, समझौता शुल्क सहित कुल ६३९७ रुपये की एवं वाहन क्रमांक एमपी ५० जेड एफ ५९५३ जो बालाघाट से वारासिवनी नसीम खान वारासिवनी की १५.७५ क्विंटल मिर्ची परिवहन कर रही थी। जिस पर अधिक मात्रा होने के कारण इस वाहन से ५ गुना मंडी शुल्क निराश्रित शुल्क एवं समझौता शुल्क मिलाकर ७८७२ रुपए वसूल किए गए। इस प्रकार दोनों वाहनों से कुल १४२६९ रुपए की चालानी कार्यवाही कर प्रकरण तैयार कर वसूली उपरांत वाहनों को छोड़ दिया गया। प्रभारी नागेंद्र रंगारे ने बताया की क्षेत्र में कृषि उपजों के अवैध परिवहन पर अंकुश लगाने के लिए उडऩदस्ता दल निरंतर सक्रिय रहेगा। व्यापारियों और परिवहनकर्ताओं को सख्त हिदायत दी गई है कि वे केवल वैध दस्तावेजों और मंडी शुल्क के भुगतान के उपरांत ही सामग्री का परिवहन करें। अन्यथा भविष्य में भी इसी प्रकार की दंडात्मक कार्यवाही जारी रहेगी। राजस्व की चोरी रोकने और नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए हमारा दल मुस्तैद है। आज दो पिकअप वाहन पर कार्यवाही की गई है जिसे १४२६९ रुपए वसूले गए हैं और यह कार्यवाही निरंतर जारी रहेगी।








































