वारासिवनी (पदमेश न्यूज)। खैरलांजी जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत कोथुरना सहित आधा दर्जन ग्रामों में अघोषित बिजली कटौती होने से ग्रामीणों को बेहद परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बिजली कटौती होने के कारण कृषकों का खेती कार्य प्रभावित हो चुका है जिसके कारण ग्रामीणों में भारी आक्रोश पनप रहा है बिजली विभाग के प्रति। विदित हो कि जिले सहित विकासखण्ड में बारिश अपेक्षा से भी बहुत कम हुई है एवं पूर्व में हुई बारिश से कुछ किसानों के द्वारा खरीफ धान की रोपाई कार्य किया गया है लेकिन विगत दिनों से क्षेत्र में बारिश नही होने के कारण कृषकों की फसल भी प्रभावित हो चुका है साथ ही इस वर्ष खण्ड बारिश हो रही है जिससे ऐसा लग रहा है कि सूखाग्रस्त ना पड़ जाये और दुसरी ओर विद्युत विभाग के द्वारा अंधाधुंध बिजली कटौती की जा रही है जिसके चलते जिनके पास सिंचाई का साधन है उनकी भी फसल सूख रही है। ग्रामीणों ने बताया कि विगत दिनों से ग्राम में अघोषित बिजली कटौती की जा रही है जिसके कारण रात्रि के समय का कार्य भी प्रभावित होने के साथ ही रात में सर्प, बिच्छु व जहरीले कीडे-मकोडे के काटने का भय बना हुआ है। ग्रामीणों ने आगे बताया कि वर्तमान में बारिश नही हो रही है जिसके कारण खरीफ की फसल खराब हो रही है पानी नही मिलने के कारण उसमें बीमारियां भी लगने लगी है। ग्रामीणों ने बताया कि जिन किसानों के पास सिंचाई का साधन मोटर पंप है लेकिन बिजली की अंधाधुंध कटौती होने के कारण साधन होने के बाद भी सिंचाई कार्य नही कर पा रहे है, ग्रामीणों ने विद्युत विभाग से मांग की है कि कोथुरना सहित अन्य ग्रामों में हो रही विद्युत कटौती बंद करे ताकि ग्रामीणजनों को हो रही परेशानियों से निजात मिल सके। मांग करने वालों में गोरेलाल ठाकरे, योगेश सोनटके, वासुदेव सोनटके, सालिकराम धुवारे, ओमकार बिसेन, रामकुमार बांगरे, गणेश उरकुडे, काकाराम चापाडहाके, बाबूलाल, योगेश ठाकरे, सोनु बिसेन, निकेश बांगरे, दीपक क्षीरसागर, कार्तिक चापाडहाके, वैभव सोनटके, ज्ञानिराम सोलंकी, साहेबलाल बिसेन, प्रेमकुमार, पारिसलाल बिसेन, नंदकिशोर वानखेडे, दामाजी बांगरे, रामाजी बांगरे, समरी सोनटके सहित अन्य ग्रामीणजनों ने की है।
विद्युत विभाग कटौती करें बंद -निकेश बांगरे
चर्चा में निकेश बांगरे ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में अघोषित बिजली कटौती की जा रही है जिसके कारण ग्रामीणजनों व कृषकों को बेहद परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। श्री बांगरे ने बताया कि क्षेत्र में बारिश अपेक्षा से भी बहुत कम हुई है जिसके कारण फसल प्रभावित हो रही है एवं जिनके पास सिंचाई का साधन मोटरपंप है लेकिन बिजली कटौती होने के कारण उक्त पंप भी नही चला पा रहे है ऐसी स्थिति में फसल सुखने होने लगी है, विद्युत विभाग से मांग है कि जल्द विद्युत कटौती बंद करवाये अन्यथा आंदोलन हेतु बाध्य होना पडेगा जिसकी जवाबदारी शासन-प्रशासन की होगी।
अंधेरे में रहने ग्रामीण मजबूर – गोरेलाल ठाकरे
चर्चा में ग्राम पंचायत कोथुरना के कृषक गोरेलाल ठाकरे ने बताया कि बिजली कटौती होने के कारण पंप के माध्यम से खेतों में पानी नही पहुंचा पा रहे है ऐसी स्थिति में किसानों को आर्थिक नुकसान हो रहा है साथ ही रात में मच्छर व जहरीले कीडे-मकोडे के काटने का भी भय बना हुआ है। श्री ठाकरे ने बताया कि पहले सोसायटियों के माध्यम से ग्रामीणों को मिट्टी तेल दिया जाता था लेकिन वर्तमान में सरकार द्वारा बंद कर दिया गया है जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में मध्यम वर्ग के लोग निवास करते है बिजली गुल होने के बाद वे मिट्टी तेल के दिये के उजाला में रहते है लेकिन वह भी नही मिलने पर उन्हे अंधेरा में रहना पड़ रहा है, इसी तरह कटौती होते रही तो ग्रामीणों के साथ मिलकर कठोर कदम उठाया जायेगा।
इनका कहना है
ग्रामीण क्षेत्र की विद्युत लाइन है और लंबी विद्युत लाइन बिछी हुई है जिस कारण से कभी कभी फ ाल्ट आ जाने पर ढूंढने में समय लग जाता है और अभी मौसम भी बरसात का चल रहा है। जिस कारण समस्या होती रहती है परंतु प्रयास रहता है कि ग्रामीणों को समस्याओं का सामना ना करना पढ़ें।
अनंत कुमार पटले
कनिष्ठ अभियंता रामपायली










































