वारासिवनी क्षेत्र में बाघ का आंतक थमने का नाम नही ले रहा है। बीती रात्री फिर बाघ ने एक बकरी का शिकार किया है। यह शिकार ग्राम पंचायत सावंगी अंर्तगत गोंडीटोला में किया है। हालांकि जानकारी लगते ही १६ दिसंबर को मौका स्थल का निरिक्षण कर वन विभाग ने अपनी आमद दर्ज कराते हुये पीडि़त बारेलाल उईके के घर का मुआवना करते है संबंधित से पूरी पूछताछ की है। बाघ द्वारा यह हमला पीडि़त बारेलाल उईके के घर में किया है जो एक छोटा सा कृषक है।
जानकारी के मुताबिक ग्राम पंचायत सावंगी के गोंड़ी टोला निवासी अपना खेती कार्य कर के शाम को लौटा और परिवार सहित अपने घर में विश्राम कर रहा था तभी ठंडी की वजह से उन्होने अपनी बकरियों को घर के भीतर बांध दिया था। जिसके बाद ही यह हादसा हुआ है।
पद्मेश को जानकारी देते हुये पीडि़त बारेलाल उईके ने बताया की उसकी बकरी की उम्र करीब ३ वर्ष होगी। ठंडी को देखते हुये हमारे द्वारा उसे घर की दहलान पर हमारे द्वारा बांधा गया। अचानक रात्री में शोर शराबा की आवाज सुनी गई है। जैसे ही वे बाहर निकले तो उनकी बकरी खून से लतपथ थी। यह घटना रात्री १ और २ बजे की है। जिस पर १६ दिसंबर को हमारे द्वारा वन विभाग को सूचना दी गई। जिसने आवश्यक कार्यवाही करते हुये पंचनामा कार्यवाही की और बकरी को अपनी अभिरक्षा में ले लिया है।
इसी तरह जनपद पंचायत सदस्य संदीप राणा ने पद्मेश को बताया की बीती रात्री यह घटना कारित हुई है। सुबह ही जब मुझे जानकारी लगी तो में तुरंत मौके पर पहुॅचा। जहां पीडि़तो से चर्चा कर उचित कार्यवाही किये जाने की मांग की है। हम चाहते है की अगर बाघ का मूवमेंंट हमारे ग्राम सावंगी तरीफ है तो वन विभाग को कुछ न कुछ हल करना चाहिये। ताकी हम लोगों द्वारा किया जा रहा कृषि प्रभावित न हो सके, यह ग्राम सावंगी के अंर्तगत वन्य प्राणी ग्राम है जिसमें हमारे ग्राम से सटे कंटगझरी सहित अन्य ग्राम पड़ते है ऐसे में हमारी मांग है की इन जंगली हिंसक पुशओं का रेस्कयु किया जाये।










































