बालाघाट(पदमेश न्यूज़)।लाख जतन के बावजूद भी ट्रेनों की लेट लतीफी का सिलसिला अब भी बा-दस्तूर जारी है।जहां एक्का दुक्का ट्रेनो को छोड़कर लगभग सभी ट्रेने अपने पूर्व निर्धारित टाइम टेबल के अनुसार चलाने में रेलवे प्रशासन अब भी पिछड़ा हुआ है। रोजाना ट्रेनों की हो रही लेट लतीफी के चलते किराए में मिली छूट भी यात्रियों को नहीं भा रही है और वे ट्रेनों को सही समय पर चलाए जाने की लगातार मांग कर रहे हैं।आए दिनों की तरह ट्रेनों की लेटलतीफी का सिलसिला मंगलवार को भी देखने को मिला।जहां गोंदिया से जबलपुर की ओर करीब 3 बजे जाने वाली इस पैसेंजर ट्रेन को गोंदिया से बालाघाट आने में 2 घण्टे का समय लग गया।उधर 1 घण्टे में करीब 4 बजे बालाघाट स्टेशन पहुचने वाली ट्रेन करीब 5 बजे 1 घण्टे देरी से पहुची। जहां ट्रेन लेट होने के चलते बालाघाट रेलवे स्टेशन पर पहुंचे यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।बताया जा रहा है कि बालाघाट से होकर गुजरने वाली केवल लोकल ट्रेन ही लेट नहीं हो रही है, बल्कि एक्सप्रेस, सुपरफास्ट और स्पेशल ट्रेन भी रोजाना देरी से चल रही है।जिस पर अपनी नाराजगी व्यक्त करते हुए यात्रियों ने ट्रेनों को समय पर चलाए जाने की बात कही ,तो वहीं यात्रियों द्वारा मालगाड़ी की जगह यात्री ट्रेनों को प्राथमिकता दिए जाने की गुहार लगाते हुए व्यवस्थाओं में सुधार किया जाने की मांग की है।
ट्रेनों का सफर लगने लगा महंगा
बेबस सिस्टम, लचर व्यवस्था ने रेल यात्रियों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। लंबे समय से यात्री ट्रेन का शेड्यूल ठीक नहीं हो पाया है।लम्बी दूरी की सवारी गाड़ी 2-3 घंटे विलंब से पहुच रही है।वही ,रीवा इतवारी, चांदाफोर्ट और अन्य एक्सप्रेस ट्रेन भी विलंब से चल रहीं हैं। निर्धारित समय पर ट्रेन नहीं चलने के कारण यात्रियों को मानसिक एवं आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।बालाघाट से गोंदिया और गोंदिया से बालाघाट की ओर चलने वाली पैसेजर ट्रेन हर दिन विलंब से पहुंच रही है।कई बार तो घंटों विलंब से ट्रेन चलने के कारण यात्रियों को गंतव्य की ओर बस के जरिए महंगा सफर तय करना पड़ रहा है।
जनप्रतिनिधियों की उदासीनता का दंश झेल रही जनता
आपको बताए कि ट्रेनों की लेटलतीफी का सिलसिला कोई आज का नही है बल्कि एक लम्बा वक्त गुजर जाने के बाद भी सिस्टम में सुधार नहीं आ पा रहा है।जहा टाइमटेबल के अनुरूप यात्रियों को ट्रेन सुविधाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है।कई बार जन प्रतिनिधियों का ध्यान आकर्षित कराए जाने के बाद भी किसी प्रकार के कारगर कदम नहीं उठाए जा रहे हैं।जिसके चलते जनप्रतिनिधियों की उदासीनता का दंश जिले की जनता को भुगतना पड़ रहा है।जिसपर जिम्मेदारो का कोई ध्यान नही है।
यात्री की जगह मालगाड़ी को दी जा रही प्राथमिकता
ट्रेन आने की राह देखकर परेशान हो चुके यात्रियों का आरोप है कि रोजाना ट्रेन अपने निर्धारित समय से नही चल रही है और आए दिन लेट हो रही है। जहां यात्रियों ने, रेलवे प्रशासन पर माल गाड़ियों को प्राथमिकता देने और मालगाड़ी को पास करने के चक्कर में यात्री ट्रेनों को रोजाना लेट किए जाने का आरोप लगाया है। जिन्होंने मालगाड़ी की जगह यात्री ट्रेनों को प्राथमिकता देकर सभी ट्रेने टाइम टेबल के अनुसार चलाए जाने की मांग की है।
विभाग के पास नही है कोई स्पष्ट कारण
रोजाना ट्रेनों की लेट लतीफी को लेकर विभाग के पास कोई स्पष्ट कारण नहीं है। कभी ट्रेनो की लेटलतीफी को लेकर मालगाड़ी को वजह बताया जाता है तो कभी गोंदिया में तकनीकि कारणों को इसका कारण बताया जाता है, जिससे यह साफ है कि ट्रेनो के देरी से चलने का विभाग के पास भी कोई स्पष्ट कारण नहीं है। दूसरी ओर रेल यात्रियों के पास इंतजार करने के अलावा और कोई विकल्प नहीं है।
वरिष्ठ अधिकारियों से पत्राचार किया गया है- चौधरी
इस पूरे मामले को लेकर दूरभाष पर की गई चर्चा के दौरान बालाघाट रेलवे स्टेशन प्रबंधक कृष्ण कुमार चौधरी ने बताया कि पहले की अपेक्षा की लगभग सभी ट्रेने शेड्यूल के इर्द गिर्द चल रही है। अभी सुबहा की गाड़ी भी गोंदिया लगभग समय पर ही चल रही है।लम्बी दूरी वाली कुछ ट्रेने थोड़ी लेट हो रही है।हमारा प्रयास रहता है की ट्रेने सही समय पर चले, इसके लिए पूर्व में भी वरिष्ठ अधिकारियों से पत्राचार किया गया है।