पद्मेश न्यूज। वारासिवनी। वारासिवनी जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत डोंगरगांव के ग्राम महाराजपुर के पुलियां की जर्जर स्थिति बनी हुई है। मार्ग पर आवागमन कर रहे राहगीर एवं ग्रामीणों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है तो वहीं भारी वाहनों की आवाजाही से समस्या बनी हुई है। जहां पर सडक़ की सरियां निकालने और रेलिंग बुरी तरह क्षतिग्रस्त होने से भविष्य में बड़ी दुर्घटना होने की संभावना बनी हुई है। जहां मरम्मत को लेकर अनेकों बार ग्रामीणों के द्वारा मांग की जा चुकी है किंतु जिम्मेदार अधिकारियों के द्वारा वर्तमान तक उक्त समस्या पर कोई ध्यान नहीं दिया गया है। जिससे स्थिति यथावत बनी हुई है समस्याओं के मध्य लोग परेशानी का सामना करते हुए आवागमन कर रहे हैं। विदित हो कि यह मार्ग वारासिवनी से सीधा डोंगरमाली और आगे महाराष्ट्र राज्य के गोंदिया जिले के लिए निकलता है। डांगोरली पुल निर्माण के बाद मार्ग पर यातायात की स्थिति दोगुनी हो चुकी है। इसी मार्ग पर ग्राम कोस्ते के अंत और ग्राम डोंगरगांव के प्रारंभ में महाराजपुर पुलियां बना हुआ है। जहां से छोटे बड़े सभी प्रकार के माल वाहक यात्री वाहन मोटरसाइकिल निजी वाहन सहित साइकिल से लोग आना जाना करते हैं। इस दौरान सर्वाधिक किसान एवं ग्रामीणों का आना जाना बना रहता है,जहां भारी वाहन आने की स्थिति में उन्हें पुलियां के पहले ही रोकना पड़ता है। क्योंकि पुलियां की रैली टूट चुकी है सडक़ पर सरियां बाहर निकला हुआ है और रेलिंग के दोनों तरफ भारी मात्रा में मिट्टी जमा है। जहां छोटे वाहन स्लिप होने के आशंका होती है ऐसे में मोटरसाइकिल साइकिल और पैदल आवागमन करने वालों के लिए दुर्घटना की संभावना बनी हुई है। वहीं पुलियंा के दोनों तरफ टर्निंग होने से अचानक ही भारी वाहन सामने आते हैं। जहाँ राहगीरो के द्वारा सडक़ के मरम्मत एवं सुरक्षा के लिए लगी रेलिंग की मरम्मत और उसे मजबूत बनाने की मांग की जा रही है।
पुलियां की मरम्मत नहीं होनें से सरियां निकला हुआ है- त्रिवेंद्र राणा
राहगीर त्रिवेंद्र राणा ने बताया कि मैं रामपायली बकोड़ी का रहने वाला है अपने व्यापार संबंधी कार्यों से इस मार्ग से आना जाना करता हूँ। यह सीधा महाराष्ट्र गोंदिया के लिए मार्ग निकलता है ,डांगोरली पुल बनने से यातायात बढ़ गया यह जो रोड़ बना था तो पुलियां की मरम्मत नहीं की गई जहां सरियां निकला हुआ है। यदि डामर सडक़ पर चढा दिया जाता तो सरिया दब जाता किंतु यह अभी बाहर दिख रहा है जो कुछ दिनों में लोगों की मोटरसाइकिल या गाडियों के टायर में घुसकर बड़ी दुर्घटना करेगा। यहां रेलिंग भी टूट चुकी है दुर्घटना कब हो जाए इसकी कोई गारंटी तो नहीं है परंतु बड़ा हादसा भी हो सकता है। इस पर अधिकारियों ने ध्यान देकर मरम्मत करना चाहिए।
रेलिंग टूटी हुई है सुरक्षा की कोई व्यवस्था नहीं है-पोतनलाल मरकाम
किसान पोतनलाल मरकाम ने बताया कि मैं ग्राम कोस्ते का रहने वाला हूं हमारी खेती किसानी यहां पर स्थित है। इसलिए रोजाना मुझे और मेरे परिवार के लोगों को आना जाना करना पड़ता है जहां दिक्कत होती है। क्योंकि गाडियां आती जाती रहती है कई बार परेशानी हो जाती है दुर्घटना का डर बना रहता है। साइकिल तक से आने जाने वाले को यहां पर समस्या है क्योंकि बड़ी गाड़ी आने पर पुलियां के पहले हमें रुकना पड़ता है। रेलिंग के तरफ हम मोटरसाइकिल साइकिल रोक नहीं सकते मिट्टी का अंबार बना हुआ है रेलिंग भी टूटी हुई है सुरक्षा की कोई व्यवस्था नहीं है। जो सडक़ है वहां भी ठीक नहीं है इस पुलियां पर रेलिंग को मजबूत कर सुरक्षित बनाना चाहिए। इसके ऊपर की रोड को बनाना चाहिए यहां से छोटी बड़ी सभी प्रकार की गाडियां आती जाती है दिक्कत हमेशा रहती है हिसाब से चलना पड़ता है।










































