फंसा ट्रक, रोजाना फंस रहे छोटे-बड़े वाहन, बड़े हादसे की आशंका, पक्का मरम्मत करवाने की उठी मांग
पद्मेश न्यूज। लालबर्रा। नगर मुख्यालय के बस स्टैण्ड के पीछे हाईवे रोड किनारे गत दिनों पीएचई (लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी) विभाग द्वारा नल-जल योजना की पाइपलाइन क्षतिग्रस्त होने पर मरम्मत कार्य करवाया गया था। वहीं मरम्मत कार्य के लिए खोदे गये गड्डे को बिना गुणवत्तापूर्ण तरीके से भर दिया गया है। जबकि उक्त स्थान पर गुणवत्तापूर्ण मरम्मत कार्य होनी चाहिए थी किन्तु ऐसा नही किया गया है। जिस कारण से रोजाना उस स्थान पर छोटे-बड़े वाहन फंस रहे है। शुक्रवार को सुबह बड़ा हादसा होते-होते टल गया। हाईवे मार्ग से गुजर रहा एक भारी ट्रक सडक़ किनारे पटरी स्थित उक्तगड्डे के गहराई तक फंस गया। यदि ट्रक अनियंत्रित होकर पलट जाता तो हाईवे पर कोई बड़ी अनहोनी घटित हो सकती थी। वहीं ट्रक चालक की सूझबूझ के चलते बड़ा हादसा होते-होते टल गया, अगर चालक गड्डे में ट्रक का चक्का फंस जाने के बाद गाड़ी को आगे बढ़ाता तो ट्रक अनियंत्रित हो सकता था, जिससे मार्ग से गुजरने वाले राहगीर उसकी चपेट में आ सकते थे। लेकिन गड्डे में ट्रक का चक्का जाते है चालक ने वाहन को बंद कर दिया। जिससे ट्रक स्थिर खड़ा रह गया और बड़ी अनहोनी टल गई। जिसके बाद कड़ी मशक्कत कर फंसे ट्रक को बाहर निकाला गया तब जाकर आवागमन सुचारू रूप से प्रारंभ हुआ। वहीं नगर के जागरूक नागरिक एवं राहगीरों ने सडक़ एवं पीएचई विभाग से नल-जल योजना की पाइपलाइन जो गत दिवस क्षतिग्रस्त हुई थी, उसके मरम्मत के लिए खोदे गये गड्डे को गुणवत्तापूर्ण मरम्मत करवाकर बंद करने की मांग की है ताकि आने-जाने में हो रही परेशानियों से निजात मिल सके।
आये दिन दुर्घटनाग्रस्त हो रहे वाहन
आपकों बता दे कि लालबर्रा से बालाघाट हाईवे मार्ग किनारे से नल-जल योजना की पाइपलाइन गई हुई है और इस पाइपलाइन के माध्यम से नगरवासियों एवं ग्रामीणजनों को जाम में बने जल शोधन संयंत्र केन्द्र के माध्यम से पानी प्रदाय किया जाता है। गत दिवस लालबर्रा बस स्टैण्ड के पीछे हाई स्कूल मार्ग के प्रवेश द्वार के सामने हाईवे रोड़ किनारे से नल-जल योजना की पाइपलाईन क्षतिग्रसत हो गई थी। जिसके बाद पीएचई विभाग के द्वारा उक्त स्थान पर गड्डे खोदकर मरम्मत कार्य कर दिया गया है। लेकिन मिट्टी डालकर कच्चा मरम्मत किया गया है, गुणवत्तापूर्ण एवं क्रांकीट कर पक्का मरम्मत कार्य नही होने के कारण जब ओवरलोड़ वाहन गुजरते है और आमने-सामने से वाहन आने पर दुसरे साइड का चालक वाहन को पटरी किनारे लेता है तो जिस स्थान पर कच्चा मरम्मत हुआ है उस स्थान पर वाहन के चक्के जाने से वहां फंस जाते है। शुक्रवार को भी एक भारी ट्रक फंस गया लेकिन वह अनियंत्रित होकर पलटा नही, अगर पलट जाता तो बहुत बड़ा हादसा घटित हो सकता था। पीएचई विभाग को जिस स्थान पर बार-बार ट्रक एवं अन्य वाहन फंस रहे है उक्त स्थान पर पक्का मरम्मत कार्य या फिर संकेतक बोर्ड लगाना चाहिए कि नल-जल योजना की पाइपलाइन इस जगह पर स्थित है, वाहन नीचे न उतारे। वहीं पटरी किनारे गड्डा बन जाने से आने-जाने वालों को परेशानी हो रही है, साथ ही हर समय बड़ी दुर्घटना होने की संभावना बनी हुई है। नगर के जागरूक नागरिक एवं वाहन चालकों ने बताया कि यह केवल एक दिन की समस्या नहीं है। पाइपलाईन सुधार के नाम पर खोदे गये गड्डे को सही ढंग से समतल न किये जाने और उस पर पक्की कांक्रीट या डामरीकरण न करने से मिट्टी धंस रही है। इसके चलते आये दिन छोटे-बड़े वाहन इस स्थान पर अनियंत्रित होकर फंस रहे हैं या दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं। व्यस्ततम हाईवे मार्ग होने के कारण यहां लगातार यातायात का दबाव बना रहता है, जिससे हर समय हादसे का भय बना रहता है। इसलिए सडक़और पीएचई विभाग से मांग है कि उक्त गड्डे की जल्द से जल्द गुणवत्तापूर्ण एवं पक्की कांक्रीट से मरम्मत कार्य करवाये। साथ ही जब तक पक्का निर्माण कार्य पूर्ण नहीं हो जाता, तब तक दूर से दिखाई देने वाला सुरक्षा संकेतक या बैरीकेडिंग लगाई जाये ताकि वाहन चालक सतर्क हो सकें। यदि समय रहते प्रशासन ने इस ओर ध्यान नहीं दिया, तो किसी दिन कोई बड़ा गंभीर हादसा घटित हो सकता है, जिसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित विभाग की होगी।







































