तेहरान: ईरान ने गुरुवार को अमेरिकी हमलों के बीच होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने के लिए शर्त का ऐलान किया है। उसने कहा है कि होर्मुज जलडमरूमध्य को खोलने के लिए अमेरिका को समझौता ज्ञापन (MoU) का पालन करना होगा और इस जलमार्ग के लिए ईरान के नियमों को स्वीकार करना होगा। ईरान ने कहा कि इसके अलावा कोई दूसरा रास्ता नहीं है, जिससे होर्मुज को खोला जा सकता है। अमेरिका-ईरान संघर्ष के कारण दुनिया के इस सबसे व्यस्ततम समुद्री मार्ग से जहाजों की आवाजाही एक बार फिर बंद हो गई है। पिछले 24 घंटे में सिर्फ 10 जहाजों ने होर्मुज जलडमरूमध्य को पार किया है, जिनमें से अधिकतर ईरानी टैंकर हैं।
ईरानी सेना के प्रवक्ता ने क्या कहा?
ईरानी सेना के प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल मोहम्मद अकरमिनिया ने एक बयान में कहा कि “इसे फिर से खोलने का एकमात्र तरीका यह है कि अमेरिका इस्लामाबाद बैठक में हस्ताक्षरित समझौता ज्ञापन की शर्तों का पालन करे और अपनी दुर्भावनापूर्ण गतिविधियों को बंद करे, जिससे ईरानी कानूनों को लागू होने दिया जा सके।” अकरमिनिया ने आगे कहा कि जलडमरूमध्य पर नियंत्रण एक सार्वजनिक और राष्ट्रीय मांग है और इस पर कोई समझौता नहीं किया जा सकता।
ईरानी व्यवस्था से चलेगा होर्मुज: गालिबाफ
ईरान की संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने कहा है कि देश की राष्ट्रीय सुरक्षा का सीधा संबंध होर्मुज स्ट्रेट प्रशासन में ईरानी व्यवस्था को कायम रखने से है। उन्होंने जोर देकर कहा कि तेहरान किसी भी “दुश्मन” को अपनी इच्छा ईरान पर थोपने की अनुमति नहीं देगा। बुधवार (स्थानीय समय) को जारी एक बयान में गालिबाफ, जो ईरान की वार्ता टीम के प्रमुख भी हैं, ने कहा कि अमेरिका जब भी मौका मिलता है, अपने हितों को आगे बढ़ाने के लिए ईरान को नुकसान पहुंचाने की कोशिश करता है। उन्होंने कहा कि युद्ध हो या वार्ता, ईरान को अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा, राष्ट्रीय हितों, यथार्थवादी सोच और दीर्घकालिक रणनीति के आधार पर ही अपने कदम उठाने चाहिए।










































