
मानसून की बेरुखी के चलते जुलाई का आधा माह बीतने के बाद भी अपेक्षित बरसात नहीं हुई है। तापमान बढ़ने के कारण भीषण गर्मी और उमस ने लोगों को बेचैन कर दिया है। हालांकि मानसून ट्रफ के मध्य प्रदेश से होकर गुजरने और हवाओं का रुख बदलने से मौसम का मिजाज बदलने की संभावना बढ़ गई है। मौसम विज्ञानियों के मुताबिक हवा का रुख बदलने वातावरण में नमी बढ़ने लगी है। तापमान बढ़ा हुआ रहने से शनिवार को राजधानी और आसपास के इलाके में गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। रविवार से बरसात की गतिविधियों में और तेजी आने के भी आसार हैं।
मौसम विज्ञान केंद्र के मौसम विज्ञानी पीके साहा ने बताया कि पिछले कई दिनों से हवा का रुख पूर्वी बना हुआ था। इस वजह से वातावरण में नमी कम हो रही थी, जिसके चलते आसमान साफ हो गया था। धूप निकलने से जहां अधिकतम तापमान बढ़ने लगा था, वहां उमस बेहाल करने लगी थी। वर्तमान में हवा का रुख बदलकर दक्षिण-पूर्वी हो गया है। हवा की रफ्तार भी कुछ बढ़ने लगी है। हवाओं के साथ नमी भी आने लगी है। उधर मानसून ट्रफ भी वर्तमान में सागर, गुना, रतलाम से होकर गुजर रही है। इस वजह से शनिवार को दोपहर के बाद राजधानी सहित मध्य देश के कई जिलों में गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है।
हवा का रुख दक्षिण-पश्चिमी होने की संभावना के चलते रविवार से प्रदेश में बारिश की गतिविधियों में और तेजी भी आने के आसार हैं। उधर बंगाल की खाड़ी में 21 जुलाई को एक कम दबाव का क्षेत्र बनने जा रहा है। इस सिस्टम के आगे बढ़ने से मानसून के फिर सक्रिय होने की उम्मीद है। इससे जुलाई के अंतिम सप्ताह में प्रदेश में अच्छी बरसात देखने को मिल सकती है।








































