नई दिल्ली: देश की सबसे वैल्यूएबल कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज की आज एजीएम हो रही है जिस पर लाखों शेयरहोल्डर्स की नजर है। पिछले एक साल में रिलायंस के शेयरों में 7% से ज्यादा गिरावट आई है। इससे कंपनी के मार्केट कैप से लगभग 1.5 लाख करोड़ रुपये गिर चुका है। यही वजह है कि कंपनी के
शेयरहोल्डर्स नए ट्रिगर्स का इंतजार कर रहे हैं जो सेंटिमेंट को फिर से ठीक कर सके। माना जा रहा है कि कंपनी के चेयरमैन मुकेश अंबानी निवेशकों को निराश नहीं करेंगे।
रिलायंस के खराब परफॉर्मेंस के कई कारण रहे हैं। JM फाइनेंशियल के अनुसार इसकी सबसे बड़ी वजह एफआईआई की बिकवाली रही है। रिलायंस में FII होल्डिंग मार्च 2026 में 18.67% तक गिर गई, जो मार्च 2021 में 28.3% के पीक पर थी। जियो के प्रस्तावित IPO में देरी, एआई और न्यू एनर्जी बिजनेस में इन्वेस्टमेंट के मोनेटाइजेशन को लेकर अनिश्चितता और भारी कैपिटल खर्च पर जल्द मिलने वाले रिटर्न को लेकर चिंताओं ने सेंटिमेंट को कमजोर रखा है।










































