TRAI की नई रिपोर्ट से पता चला है कि मई, 2026 में भारत में लगभग 14.46 मिलियन (लगभग 1.44 करोड़) मोबाइल नंबर पोर्टेबिलिटी (MNP) रिक्वेस्ट दर्ज की गईं। इसका मतलब है कि मोबाइल यूजर्स अपना नंबर बदलना नहीं बल्कि टेलीकॉम ऑपरेटर बदलना चाहते हैं। हालांकि, यह संख्या अप्रैल में दर्ज की गईं रिक्वेस्ट से थोड़ी सी कम है। इसका मुख्य कारण नेटवर्क में आने वाली असुविधाएं और कंपनियों द्वारा महंगे किए जा रहे प्लान हो सकता है। इस वजह से लोग एक से दूसरी कंपनी में स्विच कर रहे हैं।31 दिन में 1.44 करोड़ लोगों ने बदले सिम
टेलीकॉम रेगुलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया (TRAI) के टेलीकॉम सब्सक्रिप्शन के लेटेस्ट डेटा के अनुसार, मई के दौरान नंबर पोर्ट करने के लिए दर्ज की गईं 14.46 मिलियन रिक्वेस्ट, अप्रैल 2026 में दर्ज की गईं 14.74 मिलियन रिक्वेस्ट से थोड़ी कम थी।
TRAI, मोबाइल नंबर पोर्टेबिलिटी (MNP) डेटा को दो जोन में बांटता है। जोन-I में उत्तर और पश्चिम भारत आता है। यहां मई के दौरान लगभग 7.79 मिलियन नंबर पोर्ट करने की रिक्वेस्ट की गईं थी। वहीं, जोन-II, जिसमें दक्षिण और पूर्वी भारत में लगभग 6.67 मिलियन रिक्वेस्ट दर्ज की गईं थी।











































