कई वाहन चालकों ने शिकायत की है कि उन्हें पेट्रोल (विशेषकर पर्टालाइट और पर्टामेक्स) हासिल करने के लिए एक से डेढ़ घंटे तक इंतजार करना पड़ रहा है, जिससे मुख्य सड़कों पर लंबा ट्रैफिक जाम भी लग गया है।Bali Fuel Crisis: अपने खूबसूरत पर्यटन स्थलों और वैश्विक पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र रहने वाले इंडोनेशिया के लोकप्रिय द्वीप बाली में इन दिनों गंभीर ईंधन संकट पैदा हो गया है। पेट्रोल और डीजल की भारी किल्लत के कारण द्वीप के विभिन्न पेट्रोल स्टेशनों पर वाहनों की लंबी-लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। हालात ये हैं कि वाहन चालकों को अपनी गाड़ियों की टंकी फुल कराने के लिए घंटों कतार में खड़ा रहना पड़ रहा है।
प्रमुख शहर और इलाके प्रभावित
रिपोर्ट्स के मुताबिक, बाली के डेनपासार (Denpasar), कुटा (Kuta), बादुंग (Badung), मेंगवी (Mengwi) और तबानान जैसे प्रमुख क्षेत्रों में ईंधन की भारी किल्लत से जनजीवन प्रभावित हुआ है। कई वाहन चालकों ने शिकायत की है कि उन्हें पेट्रोल (पर्टालाइट और पर्टामेक्स) हासिल करने के लिए एक से डेढ़ घंटे तक इंतजार करना पड़ रहा है, जिससे मुख्य सड़कों पर लंबा ट्रैफिक जाम भी लग गया है। स्टॉक खत्म होने की आशंका और आपूर्ति में देरी के चलते लोगों में पैनिक बाइंग यानी घबराहट में खरीदारी भी बढ़ गई है, जिससे स्थिति और विकट हो गई है।
सप्लाई चेन में बाधा और वितरण की समस्या
इस संकट के पीछे स्थानीय वितरण नेटवर्क और डिपो में आई बाधाओं को मुख्य वजह माना जा रहा है। बाली का ईंधन मुख्य रूप से कारांगसेम स्थित मंगगिस ट्रांजिट टर्मिनल और डेनपासार के पास पेसांगगरन डिपो से सप्लाई किया जाता है। इन प्रमुख केंद्रों से आपूर्ति में आई रुकावटों के कारण पूरे द्वीप के पेट्रोल स्टेशनों पर इसका असर देखने को मिला है। हालांकि, स्थानीय प्रशासन और सरकारी तेल कंपनी ‘पर्टामिना’ (Pertamina) ने स्थिति को सामान्य करने के लिए अतिरिक्त ईंधन स्टॉक (हजारों किलोलीटर अतिरिक्त आपूर्ति) झोंकना शुरू कर दिया है।पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था पर असर की आशंका
बाली मुख्य रूप से पर्यटन और सड़क परिवहन पर निर्भर रहने वाला क्षेत्र है। ऐसे समय में ईंधन संकट के कारण टैक्सी चालकों, पर्यटकों, स्थानीय डिलीवरी सेवाओं और दैनिक यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। हालांकि अधिकारियों का दावा है कि द्वीप पर ईंधन का कुल भंडार पर्याप्त है और वितरण व्यवस्था को चरणबद्ध तरीके से पटरी पर लाया जा रहा है, लेकिन पूरी तरह से स्थिति सामान्य होने में अभी कुछ और दिन लग सकते हैं।










































