Mandsaur News: मंदसौर के शामगढ़ से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। यहां 12 वर्षीय लड़की ने एक 4 साल के बच्चे की जान ले ली है। वह इस बात को लेकर नाराज थी कि बच्चे की मां ने उसे चॉकलेट विवाद में डांट दिया था। पुलिस ने उसे बाल सुधार गृह भेज दिया है।मंदसौर: मध्य प्रदेश के मंदसौर जिले के शामगढ़ में घटी घटना ने हर मां-बाप को सोचने पर मजबूर कर देगा। एक बच्ची ने पास में रहने वाले चार वर्षीय बच्चे से चॉकलेट लेकर खा लिया था। इसी बात पर बच्चे की मां ने उसे डांट दिया। इसके बाद बच्ची ने बदले की भावना से उस बच्चे की जान ले ली है।पानी टंकी में बच्चे को धक्का दे दिया
मंदसौर पुलिस की जांच में यह बात सामने आई है कि नाबालिग लड़की ने छत पर स्थित पानी की टंकी में पहले तो बच्चे को धक्का दे दिया और फिर उसे पत्थर की एक छोटी सिल्ली से ढक दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
मंदसौर के शामगढ़ में यह घटना 24 अक्टूबर को हुई थी, जिसके बाद पीड़ित परिवार ने प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
विनोद मीणा, मंदसौर एसपी
पुलिस की जांच में चौंकाने वाला राज
मंदसौर एसपी ने कहा कि मामले में पुलिस की जांच में चौंकाने वाला यह घटनाक्रम सामने आया है। बच्ची के जुर्म कबूल करने के बाद उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे बाल सुधार गृह भेज दिया गया।चॉकलेट विवाद को लेकर लड़की को डांट दिया
पुलिस के अनुसार चॉकलेट की बात को लेकर हुए कथित विवाद के दौरान मृत बच्चे की मां ने पड़ोस में रहने वाली करीब 12 वर्षीय नाबालिग लड़की को डांट दिया था।
नाबालिग बच्ची हो गई थी नाराज
इसके साथ ही पुलिस ने बताया कि इसी बात से नाबालिग नाराज थी और उसने कथित तौर पर बदला लेने के लिए इस घटना को अंजाम दिया। उन्होंने कहा कि इतनी कम उम्र में बच्ची ने जो कदम उठाया है, उससे हर कोई अचंभित है।मंदसौर की यह घटना केवल एक आपराधिक घटना नहीं है, बल्कि बाल मनोविज्ञान और बच्चों के मानसिक एवं भावनात्मक विकास के दृष्टिकोण से भी गंभीरता से अध्ययन करने योग्य है।
डॉ संदीप गोहे, मनोवैज्ञानिक
बच्ची में ऐसे व्यवहार क्यों विकसित हुआ
नवभारत टाइम्स डॉट कॉम से बातचीत में डॉ गोहे ने कहा कि हमें यह भी समझना होगा कि किसी बच्चे में इस प्रकार का व्यवहार क्यों विकसित हुआ। उसके पारिवारिक वातावरण, सामाजिक अनुभव, मानसिक विकास, पहले के व्यवहार और हिंसक सामग्री के संपर्क सहित अनेक पहलुओं की जांच जरूरी है। मैं विशेष रूप से यह कहना चाहूंगा कि बिना विस्तृत मनोवैज्ञानिक परीक्षण के इस बच्ची को Psychopath या Conduct Disorder से ग्रस्त घोषित करना गलत होगा।
दोपहर में लापता हो गया था बच्चा
परिजनों के मुताबिक बच्चे की मां ने बच्ची को कुछ दिन पहले चॉकलेट विवाद में डांटा था। 24 अक्टूबर को दोपहर दो बजे के करीब मासूम बच्चा अचानक से लापता हो गया था। इसके बाद लोगों ने उसकी तलाश शुरू कर दी। संदेह के आधार पर पड़ोसी के घर स्थित पानी टंकी में देखा गया तो बच्चा वहां मिला।
इकलौता भाई था मृतक
मृतक बच्चा तीन बहनों का इकलौता भाई था। परिवार आगरा का रहने वाला था। मंदसौर में गोलगप्पे का ठेला लगाता था। घटना के बाद परिवार के लोग ताला बंद कर चले गए हैं। आरोपी बच्ची के परिवार वाले भी वहां से चले गए हैं।
लोग हैं सन्न
वहीं, केस के खुलासे के बाद लोग सन्न हैं। आखिर छोटी बच्ची कैसे ऐसे कर सकती हैं। पुलिस का कहना है कि बच्चे सोशल मीडिया पर क्या देख रहे हैं, उसकी निगरानी रखें। उन्हें गलतियों पर अच्छे समझाएं। उनके व्यवहार पर नजर रखें।










































