PHP2Shell नाम की दो गंभीर सुरक्षा खामियों से दुनिया की करीब 70% वेबसाइट पर खतरा मंडरा रहा है। गूगल ने भी देर रात सोशल मीडिया पर पोस्ट करके वेबसाइट को अपडेट ना करने की सलाह दी है। इसके अलावा NSA ने भी चेतावनी जारी है।इंटरनेट की दुनिया में एक गंभीर साइबर सुरक्षा खतरे ने हलचल मचा दी है। वेबसाइट बनाने में इस्तेमाल होने वाली लोकप्रिय प्रोग्रामिंग लैंग्वेज PHP में दो बड़ी सुरक्षा खामियां सामने आई हैं। इनका फायदा उठाकर हैकर्स बिना किसी अनुमति के वेब सर्वर पर कब्जा कर सकते हैं और वहां मौजूद डेटा चोरी करने से लेकर वेबसाइट को ठप करने तक की हरकत कर सकते हैं। खतरे की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि अमेरिका की नेशनल सिक्योरिटी एजेंसी (NSA) ने सलाह दी है कि अगर सिस्टम को तुरंत अपडेट नहीं किया जा सकता, तो उसे सुरक्षित होने तक ऑफलाइन कर दिया जाए।
दुनिया की करीब 70% वेबसाइट पर क्यों मंडरा रहा खतरा?
वैसे तो आप जानते ही होंगे, फिर हम आपको बता देते हैं कि PHP एक प्रोग्रामिंग लैंग्वेज है, जिसका इस्तेमाल वेबसाइटों को चलाने और उनके कंटेंट को तैयार करने में होता है। वेब टेक्नोलॉजी ट्रैकर W3Techs के मुताबिक, जिन वेबसाइटों की प्रोग्रामिंग लैंग्वेज की पहचान की जा सकती है, उनमें से करीब 70 फीसदी PHP का इस्तेमाल करती हैं। ऐसे में इस लैंग्वेज में मिली सुरक्षा खामियों का असर इंटरनेट के बड़े हिस्से पर पड़ सकता है। वर्डप्रेस पर चलने वाली वेबसाइटों और विकिपीडिया जैसे प्लेटफॉर्म की सुरक्षा को लेकर भी चिंता बढ़ी है।
इन दोनों खामियों को मिलाकर ‘PHP2Shell’ नाम दिया गया है। इनके जरिए हैकर्स प्रभावित सर्वर पर अपनी पहुंच बना सकते हैं। इसके बाद वे फाइलों और डेटाबेस तक पहुंचने, संवेदनशील जानकारी चुराने, मैलवेयर इंस्टॉल करने या नेटवर्क के दूसरे सिस्टम को निशाना बनाने की कोशिश कर सकते हैं। PHP फाउंडेशन ने इन खामियों की गंभीरता को 10 में से 9.2 रेटिंग दी हैNSA और FBI की चेतावनी, कई देशों में वेबसाइट बंद
अमेरिका की NSA और FBI ने इन खामियों को लेकर चेतावनी दी है। NSA ने कहा कि अगर तुरंत सुरक्षा अपडेट इंस्टॉल करना संभव नहीं है, तो सिस्टम को पूरी तरह सुरक्षित किए जाने तक ऑफलाइन रखने पर विचार करना चाहिए। जापान की प्रधानमंत्री साने ताकाइची ने भी सरकारी और सार्वजनिक वेबसाइटों के संचालकों से PHP के इस्तेमाल की जांच करने और जल्द से जल्द सुरक्षा पैच लगाने की अपील की।रिपोर्ट के मुताबिक, एहतियात के तौर पर फिनलैंड की सरकारी वेब सेवाओं को अस्थायी रूप से बंद किया गया। नीदरलैंड की साइबर सुरक्षा एजेंसी ने अपनी वेबसाइट ऑफलाइन कर दी। वहां के सार्वजनिक स्वास्थ्य संस्थान और संसद के निचले सदन की वेबसाइटों तक पहुंच भी प्रभावित हुई। विकिमीडिया फाउंडेशन ने भी सुरक्षा पैच लगाए जाने तक कुछ सिस्टम बंद रखे। ब्रिटेन, यूरोपीय संघ, ऑस्ट्रेलिया और जापान की साइबर सुरक्षा एजेंसियों ने भी सुरक्षा अपडेट लागू करने की सलाह दी।










































