mp me monsoon kab aayega 2026 : मध्य प्रदेश में भीषण गर्मी और लू के थपेड़ों से परेशान लोगों के लिए राहत के साथ-साथ बड़ी खबर है। प्रदेश प्री-मानसून की गतिविधियों ने इस कदर रफ्तार पकड़ी है कि मुख्य मानसून के आने से पहले ही जून महीने का आधा कोटा पूरा हो चुका है। मौसम विभाग के अनुसार, इस बार जून की शुरुआत से ही प्री-मानसून इतना एक्टिव रहा है कि प्रदेश में सामान्य से करीब 65% अधिक बारिश दर्ज की जा चुकी है। हालांकि तय मानसून तय तारीख से थोड़ा सा देरी से प्रदेश में एंटर करने की संभावना बन रही है।
मौसम एवं पर्यावरण विशेषज्ञ शैलेन्द्र कुमार नायक के अनुसार, देश में एक साथ कई चक्रवाती प्रणालियां सक्रिय हैं, जिसके चलते अगले 3-4 दिनों में पूरे मध्य प्रदेश का मौसम बदलने वाला है और कई जिलों में 60 किमी/घंटे की रफ्तार से आंधी-तूफान का अलर्ट जारी किया गया है। इस दौरान जोरदार हवाओं के साथ बारिश भी होगी।मानसून की MP में कब होगी एंट्री?
- आईएमडी के के ताजा बुलेटिन के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून तेजी से आगे बढ़ रहा है। 8 जून तक मानसून ने महाराष्ट्र, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और पूर्वोत्तर भारत (नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम) के बड़े हिस्से को कवर कर लिया है।
- मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, मानसून मध्य प्रदेश की सीमा के बेहद करीब पहुंच चुका है। राज्य में मानसून 15 से 17 जून के बीच दस्तक दे सकता है।
- एमपी में मानसून सबसे पहले दक्षिण-पूर्वी जिलों- बालाघाट, डिंडोरी, मंडला और शहडोल संभाग के रास्ते सूबे में प्रवेश करेगा। इसके तुरंत बाद यह जबलपुर, नर्मदापुरम और फिर भोपाल-इंदौर संभाग में सक्रिय होगा।
इन 5 मौसमी प्रणालियों ने बढ़ाई आफत, तापमान में भारी गिरावट
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक, इस समय मध्य भारत के ऊपर एक साथ कई सिस्टम काम कर रहे हैं। इनमें पूर्वी उत्तर प्रदेश से तेलंगाना तक बनी ट्रफ लाइन। पूर्वी उत्तर प्रदेश, उत्तर हरियाणा और अरब सागर के ऊपर ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण है तो बंगाल की खाड़ी से लगातार आ रही भारी नमी।










































