गुना। मध्य प्रदेश की बिजली कंपनियां अक्सर अपने अजीबोगरीब और भारी-भरकम बिलों के लिए सुर्खियों में रहती हैं, लेकिन गुना जिले में जो मामला सामने आया है, उसने लापरवाही की सारी हदें पार कर दीं।कुंभराज (वार्ड 6) के रहने वाले 70 वर्षीय बुजुर्ग हरिशंकर शर्मा को बिजली कंपनी ने एक ऐसा ‘करंट’ दिया कि उनके होश उड़ गए। कंपनी ने उन्हें एक ऐसे बिजली कनेक्शन का 1,29,931 रुपये का बिल थमा दिया, जिसे वे पूरे 14 साल पहले ही सरकारी कागजों में स्थाई रूप से बंद करा चुके थे।
साल 2010 में चुकाए थे 4,078 रुपये, फिर शुरू हुआ खेल
बुजुर्ग हरिशंकर ने सालों पहले अपने खेत के कुएं पर सिंचाई के लिए कृषि पंप का कनेक्शन लिया था।
कनेक्शन बंद: मार्च 2010 में कुआं पूरी तरह सूख गया। हरिशंकर ने ईमानदारी दिखाते हुए 24 मार्च 2010 को विभाग में आवेदन दिया और उस समय का पूरा बकाया 4,078 रुपये जमा करके कनेक्शन स्थाई रूप से कटवा लिया।
12 साल बाद पहला झटका: बिजली कंपनी के दफ्तर में यह फाइल धूल खाती रही और ठीक 12 साल बाद यानी साल 2022 में अचानक विभाग जागा। बुजुर्ग के हाथ में 92,907 रुपये का बिल थमा दिया गया। हरिशंकर ने आपत्ति जताई, तो अफसरों ने सुधार का आश्वासन देकर टाल दिया।








































