7th Pay Commission: बीएसएनएल कर्मचारियों ने 41वीं राष्ट्रीय परिषद की बैठक में वेतन संशोधन, उच्च सेवानिवृत्ति लाभ और त्योहार अग्रिम जैसी कई प्रमुख मांगें उठाई हैं। प्रबंधन ने दो महीने में त्योहार अग्रिम देने और अन्य मांगों पर विचार करने का आश्वासन दिया है।7th Pay Commission : सार्वजनिक क्षेत्र की दूरसंचार कंपनी भारत संचार निगम लिमिटेड (BSNL) के कर्मचारियों ने एक बार फिर अपने वेतन संशोधन, बढ़े हुए रिटायरमेंट लाभ, भत्तों में सुधार और त्योहार अग्रिम को दोबारा शुरू करने की जोरदार मांग उठाई है। हाल ही में हुई 41वीं राष्ट्रीय परिषद की बैठक में कर्मचारियों और मान्यता प्राप्त यूनियनों के प्रतिनिधियों (स्टाफ साइड) ने प्रबंधन के सामने कई पेंडिंग मुद्दे रखे, जिन पर विस्तार से चर्चा की गई।
वेतन संशोधन और कैजुअल मजदूरों का मामला
कर्मचारियों की ओर से अक्टूबर 2025 में हुए गैर-कार्यकारी वेतन संशोधन समझौते को लागू करने में हो रही देरी पर गहरी चिंता व्यक्त की गई। बीएसएनएल बोर्ड ने इस समझौते को इस साल फरवरी में सरकारी मंजूरी के लिए दूरसंचार विभाग (DoT) को भेज दिया था, लेकिन यह मामला अभी भी पेंडिंग है। प्रबंधन का कहना है कि इस मामले को जल्द सुलझाने के लिए DoT और बीएसएनएल अधिकारियों के बीच लगातार बैठकें चल रही हैं। इसके अलावा, कैजुअल मजदूरों के वेतन को 7वें वेतन आयोग के अनुरूप संशोधित करने की मांग भी उठाई गई है, जिस पर प्रबंधन ने विचार करने का आश्वासन दिया है।
सेवानिवृत्ति लाभों में बढ़ोतरी पर विचार
बीएसएनएल में सीधे भर्ती हुए कर्मचारियों के लिए सेवानिवृत्ति लाभ (एसएबी) में योगदान बढ़ाने की मांग लंबे समय से की जा रही है। स्टाफ साइड का कहना है कि 2nd Pay Revision Committee की सिफारिश के अनुसार मूल वेतन और महंगाई भत्ते का 30 प्रतिशत योगदान मिलना चाहिए, जबकि वर्तमान में यह केवल 25.1 प्रतिशत ही मिल रहा है। इस 4.9 प्रतिशत के अंतर को खत्म करने की मांग की गई है ताकि कर्मचारियों का भविष्य सुरक्षित हो सके। प्रबंधन का कहना है कि इस मामले की जांच की जा रही है और इसे चरणों में बढ़ाया जा सकता है।भत्ते और त्योहार अग्रिम की बहाली
कर्मचारियों ने 3rd PRC के लागू होने के बाद मकान किराया भत्ता (HRA), ओवरटाइम, परिवहन भत्ता और अन्य पुराने भत्तों में संशोधन की मांग की है। प्रबंधन ने इस समिति में यूनियन के एक प्रतिनिधि को शामिल करने पर सहमति जताई है। सबसे राहत भरी खबर यह रही कि त्योहार अग्रिम को लेकर प्रबंधन ने आश्वासन दिया है कि एसएपी (SAP) सिस्टम में जरूरी प्रावधान करने के बाद अगले एक से दो महीने के भीतर इस सुविधा को फिर से शुरू कर दिया जाएगा।
अन्य कर्मचारी लाभ और भविष्य की प्रक्रिया
बैठक में यह मुद्दा भी उठाया गया कि स्मार्टफोन के जरिए ऑनलाइन अटेंडेंस लगाने की अनिवार्यता को देखते हुए सभी गैर-कार्यकारी कैडरों को मोबाइल हैंडसेट का रिइंबर्समेंट मिलना चाहिए। हालांकि प्रबंधन समिति इसे स्वीकार कर चुकी है, लेकिन बीएसएनएल बोर्ड से मंजूरी न मिलने के कारण इस पर फिर से विचार किया जाएगा। इसके अलावा कश्मीर घाटी में तैनात कर्मियों के लिए विशेष प्रोत्साहन, दूरदराज के क्षेत्रों में स्टाफ की समीक्षा और खेल गतिविधियों को फिर से शुरू करने जैसी मांगें भी रखी गईं। प्रबंधन ने आश्वासन दिया है कि इनमें से कई मामलों की जांच की जाएगी। साथ ही, कर्मचारियों की 10वीं सदस्यता सत्यापन प्रक्रिया इस साल दिसंबर के अंत तक पूरी कर ली जाएगी।










































