लालबर्रा मुख्यालय से लगभग ८ किमी. दूर स्थित ग्राम पंचायत टेकाड़ी के अंतर्गत आने वाले वनग्राम चिखलाबड्डी, नवेगांव के जंगल से कटीले तार हटते ही वन्य प्राणियों के दीदार होने लगे।
आपको बता दें कि तार की वजह से वन्यप्राणियो के दीदार नही हो पा रहे थे जिससे पर्यटकों व वनप्रेमियों ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा था कि फेंसिंग कटीले तार के संपर्क में वन्यप्राणी के आने से वे घायल हो सकते है। साथ ही जंगल जाने वाले पर्यटकों की संख्या भी कम हो गई थी।
पद्मेश न्यूज़ द्वारा इस खबर को प्रमुखता से दिखाए जाने पर वन विभाग का अमला हरकत में आया और 29 अप्रैल को दक्षिण सामान्य वन मंडल लालबर्रा में जिप्सी संचालक, चालकों की बैठक लेकर उनकी समस्या जानी गई एवं निर्णय लिया गया था कि वन परिक्षेत्र के चिखलाबड्डी-नवेगांव, डोगापानी, बड़वानी सहित ३-४ स्थानों के मार्ग पर लगे कटीले तार को कुछ स्थानों से हटा दिया जायेगा।
वन विभाग के द्वारा ३० अप्रैल को चिखलाबड्डी, नवेगांव व प्रतिबंधित क्षेत्र में लगे कुछ फेसिंग कटीले तार को हटा दिया गया है और चिखलाबड्डी, नवेगांव जंगल में लगे कटीले तार के हटते ही पर्यटकों की संख्या वन परिक्षेत्रों में बढऩे लगी है साथ ही जंगल में बाघ, तेंदुए व अन्य वन्य प्राणियों के दीदार पर्यटकों को होने लगी है।
1 मई की सुबह टाईगर जोन लालबर्रा के नीचे बाघ ऊपर बायसन का झुंड पर्यटक को दिखाई दिया जिसका वीडिय़ों पर्यटकों ने अपने कैमरे में कैद किया है। वन्यप्राणियों के दीदार होने से पर्यटक खासा उत्साहित नजर आ रहे है।








































