बालाघाट/ कीटनाशक दवा का सेवन करने के बाद नगर के एक निजी अस्पताल में उपचाररत एक व्यक्ति की मौत हो गई। मृतक महेश डहारे पिता गन्नूलाल डहारे 38 वर्ष ग्राम लड़सड़ा, थाना रामपायली निवासी है। जिला अस्पताल पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। हालांकि महेश ने किन परिस्थितियों में कीटनाशक का सेवन किया। इसका खुलासा अभी तक नहीं हो पाया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार महेश खेती किसानी का कार्य करता था। उसके परिवार में पत्नी और दो बच्चे हैं। उसकी चार बहनों की शादी हो चुकी है। पास में ही उसकी मौसी मां सायवंती अपने परिवार के साथ अलग निवास करती हैं।बताया गया है कि घटना से दो दिन पहले महेश की पत्नी अपने मायके चली गई थी। घर में महेश और उसके दोनों बच्चे ही मौजूद थे। 23 जून की शाम करीब 7 बजे जब सायवंती अपनी बहू के साथ भोजन करने के बाद घर में टीवी देख रही थीं। इसी दौरान महेश के दोनों बच्चे रोते हुए उनके घर पहुंचे और बताये कि उनके पिता उल्टियां कर रहे हैं तथा तड़प रहे हैं।सूचना मिलते ही सायवंती बच्चों के साथ महेश के घर पहुंचीं। जहां उन्होंने देखा कि महेश की हालत गंभीर थी। इसके बाद उन्होंने महेश के मामा सावनलाल दमाहे को फोन पर जानकारी दी। सावनलाल के पुत्र दिनेश और नीलेश मौके पर पहुंचे और सभी ने मिलकर महेश को 108 एम्बुलेंस की सहायता से वारासिवनी अस्पताल पहुंचाया।वारासिवनी अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने महेश को जिला अस्पताल रेफर कर दिया। 24 जून को परिजन महेश को बालाघाट नगर के एक निजी अस्पताल में लेकर गए। जहां भर्ती कर उसका उपचार शुरू किया गया। बाद में चिकित्सकों ने उसे उच्च चिकित्सा केंद्र ले जाने की सलाह दी। इसके बाद परिजन महेश को जिला अस्पताल बालाघाट लेकर पहुंचे।लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।मामले की सूचना मिलने पर जिला अस्पताल पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर अस्पताल के फ्रीजर में सुरक्षित रखवाया था। 25 जून को पंचनामा कार्रवाई के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया गया और परिजनों को सौंप दिया गया।फिलहाल महेश द्वारा कीटनाशक सेवन किस वजह से किया जिसका खुलासा नहीं हो पाया है। जिला अस्पताल पुलिस ने मर्ग कायम कर मामला अग्रिम जांच के लिए थाना रामपायली को भेज दिया है। जांच के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।










































