काठमांडू: चीन के विदेश मंत्री वांग यी ने बीजिंग में मुलाकात के दौरान नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल से कहा ‘पास का पड़ोसी दूर के रिश्तेदार से बेहतर होता है।’ चीनी विदेश मंत्री ने हालांकि किसी देश का नाम नहीं लिया लेकिन उनका इशारा अमेरिका था। नेपाल के विदेश मंत्रि शिशिर खनाल बीजिंग में चीन को यह भरोसा दिलाने गए थे कि नेपाल की जमीन का इस्तेमाल चीन-विरोधी गतिविधियों के लिए नहीं किया जाएगा। उनका ये दौरा उस वक्त हुआ जब चीनी अधिकारियों ने नेपाल में अमेरिका के बढ़ते ‘हस्तक्षेप’ पर बार-बार अपनी नाराजगी जताई है। उनका मानना है कि इसका मकसद देश में चीन की मौजूदगी को कम करना है।
काठमांडू पोस्ट के संपादक बिस्वास बराल ने द डिप्लोमेट में लिखे एक लेख में कहा है कि बीजिंग ने नेपाली विदेश मंत्री को ‘दूर के रिश्तेदार’ को लेकर ये संदेश दिया है। उन्होंने लिखा है कि पिछले साल प्रदर्शन के बाद नेपाल की सत्ता से कम्युनिस्ट पार्टियों का बेदखल होना चीन के लिए चौंकाने वाला था। अब चीन के लिए नेपाल के नये नेताओं से डील करने की चुनौती है। चीन की परेशानी तब और बढ़ी जब बालेन शाह के प्रधानमंत्री बनने के बाद एक के बाद एक कई अधिकारी काठमांडू पहुंचे और चीनी BRI को पीछे धकेलने की कोशिश करने लगे।










































