भोपाल। राजधानी भोपाल के बाग मुगालिया एक्सटेंशन (कटारा हिल्स) में द्विशा शर्मा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई माैत के मामले में मध्य प्रदेश शासन ने बेहद कड़ा और बड़ा कदम उठाया है।
राज्य सरकार ने इस पूरे संवेदनशील मामले की जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) को सौंपने का निर्णय लिया है। शुक्रवार, 22 मई 2026 को मध्य प्रदेश शासन के गृह विभाग द्वारा इस संबंध में आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी गई है।
दूसरी ओर, न्याय की गुहार लगा रहे शोकाकुल परिवार ने भी मामले में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए कानूनी मोर्चा खोलते हुए एम्स नई दिल्ली में दोबारा पोस्टमार्टम कराने और आरोपियों के डिजिटल साक्ष्यों को सील करने की मांग माननीय न्यायालय से की है।मध्य प्रदेश शासन के गृह विभाग की सचिव कृष्णावेणी देशावेतु द्वारा राज्यपाल के नाम से जारी अधिसूचना के अनुसार:
पंजीकृत अपराध: यह मामला थाना कटारा हिल्स, भोपाल में नगरीय अपराध क्रमांक 133/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 80(2), 85, 3(5) एवं दहेज प्रतिषेध अधिनियम, 1961 की धारा 3/4 के अंतर्गत दर्ज है।
दिल्ली पुलिस स्थापना अधिनियम का प्रयोग: राज्य सरकार ने दिल्ली विशेष पुलिस स्थापना अधिनियम, 1946 की धारा 6 में वर्णित शक्तियों का प्रयोग करते हुए इस अपराध, इसके दुष्प्रेरण तथा षड्यंत्र संबंधी अनुसंधान के लिए सीबीआई (CBI) के सदस्यों की शक्ति एवं क्षेत्राधिकार का विस्तार संपूर्ण मध्य प्रदेश राज्य में करने की अपनी सहमति प्रदान की है।
प्रतिलिपि जारी: इस आदेश की प्रतिलिपि भारत सरकार के कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग के संयुक्त सचिव, केंद्रीय गृह सचिव, सीबीआई निदेशक (नई दिल्ली), मप्र पुलिस महानिदेशक (DGP) और भोपाल कलेक्टर व पुलिस कमिश्नर को आवश्यक कार्रवाई के लिए भेजी गई है।









































