संबित पात्रा ने स्पष्ट किया कि देश में यह 12वीं बार SIR की प्रक्रिया हो रही है और यह समय-समय पर होने वाली एक सामान्य प्रशासनिक प्रक्रिया है। उन्होंने याद दिलाया कि खुद कांग्रेस के शासनकाल में 10 बार SIR कराया जा चुका है।Sambit Patra: भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा ने वाराणसी में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मतदाता सूची के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (SIR) को लेकर विपक्ष, विशेषकर राहुल गांधी और ‘इंडिया’ गठबंधन पर जोरदार हमला बोला। पात्रा ने कहा कि SIR प्रक्रिया को लेकर देश में बेवजह भ्रामक और उत्तेजक माहौल बनाने के साथ ‘रिजिम चेंज’ की साजिश रची जा रही है। संबित पात्रा ने स्पष्ट किया कि देश में यह 12वीं बार SIR की प्रक्रिया हो रही है और यह समय-समय पर होने वाली एक सामान्य प्रशासनिक प्रक्रिया है। उन्होंने याद दिलाया कि खुद कांग्रेस के शासनकाल में 10 बार SIR कराया जा चुका है।
राहुल गांधी के 13 करोड़ वोट चोरी के दावों को बताया झूठ
राहुल गांधी द्वारा लगाए गए आरोपों का जवाब देते हुए संबित पात्रा ने कहा, राहुल गांधी 13 करोड़ वोटरों के मुद्दे पर पूरी तरह झूठ बोल रहे हैं। अगर वास्तव में 13 करोड़ वोट चोरी हो गए होते, तो भारत की सड़कों पर गृहयुद्ध छिड़ गया होता। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जिस तरह दिल्ली के रामलीला मैदान में कांग्रेस की रैली एक ‘फ्लॉप शो’ साबित हुई और आधा मैदान ही खाली रह गया, उसी तरह राहुल गांधी द्वारा दिए गए 13 करोड़ वोट कटने के आंकड़े भी पूरी तरह हवा-हवाई और आधे-अधूरे हैं।
घुसपैठियों, युवा मतदाताओं और प्रियंका गांधी पर घेरा
पात्रा ने दोहराया कि चाहे विपक्ष कितना भी हल्ला मचा ले, किसी भी कीमत पर घुसपैठियों को मतदाता सूची में शामिल नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि नोटिस भेजने के बाद भी कई लोग फॉर्म-6 नहीं भर रहे हैं। जो लोग नोटिस का जवाब नहीं दे रहे हैं, वे असल में कांग्रेस और सपा के ही समर्थक हैं।
पश्चिम बंगाल का गणित
उन्होंने कहा कि बंगाल के 20 जिलों में सबसे अधिक वोट कटे हैं और संयोग से इन्हीं जिलों में टीएमसी को सबसे ज्यादा जीत मिली है। दूसरी तरफ, देश भर में 18 से 28 साल के 2.20 करोड़ युवाओं का नाम रोज जुड़ रहा है।
प्रियंका गांधी पर तंज
संबित पात्रा ने तंज कसते हुए कहा कि पहले ‘मॉक पार्लियामेंट’ और अब रामलीला मैदान की रैली में भी प्रियंका गांधी को बोलने का मौका नहीं दिया गया। उन्होंने सवाल उठाया कि कहीं कांग्रेस के भीतर ही गांधी परिवार से प्रियंका गांधी का नाम गायब करने की तैयारी तो नहीं चल रही है?







































