पद्मेश न्यूज। वारासिवनी। नगर के व्यस्ततम रामपायली मार्ग पर बुधवार की दोपहर एक बड़ा सडक़ हादसा होने से टल गया। डॉ.बी आर अंाबेडकर मंगल भवन के सामने मुख्य मार्ग पर धान से भरी एक ट्रैक्टर.ट्रॉली अनियंत्रित होकर बीच सडक़ पर पलट गई। ट्रॉली पलटते ही उसमें लदी धान की बोरियां पूरी सडक़ पर बिखर गईं जिससे मार्ग पर आवागमन पूरी तरह से ठप हो गया। गनीमत यह रही कि घटना के वक्त कोई अन्य वाहन या राहगीर इसकी चपेट में नहीं आया अन्यथा एक बड़ी जनहानि हो सकती थी।
बीच सडक़ पर पलटी धान से भरी ओवरलोड ट्रॉली
प्राप्त जानकारी के अनुसार इन दिनों क्षेत्र में रबी फ सल की कटाई के बाद किसानों के द्वारा अपनी उपज को बेचने के लिए लगातार परिवहन किया जा रहा है जिससे सडक़ों पर यातायात का दबाव काफ ी बढ़ गया है। बुधवार को ग्राम कोथुरना निवासी किसान राहुल सोलंकी की धान की उपज को ट्रैक्टर क्रमांक एमपी ५० ए ए १०३१ में लादकर वारासिवनी की एक राइस मिल में ले जाया जा रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों और उपलब्ध जानकारी के मुताबिक ट्रैक्टर की ट्रॉली में क्षमता से कहीं अधिक धान की बोरियां भरी गई थीं। ट्रॉली के चारों किनारों पर ऊंची लकडिय़ां बांधकर निर्धारित क्षमता से करीब दो गुना अधिक ऊंचाई तक बोरियों की छल्ली लगाई गई थी और उसे रस्सी के सहारे बांधा गया था। उक्त ओवरलोड ट्रैक्टर को चालक सुखचंद सुलाखे चला रहा था। दोपहर करीब ३ बजे जैसे ही ट्रैक्टर रामपायली मार्ग पर आंबेडकर मंगल भवन के सामने पहुंचा अत्यधिक दबाव के कारण ट्रॉली के पीछे के दरवाजे का एक किनारा अचानक उखड़ गया। दरवाजा खुलते ही पूरी ट्रॉली का संतुलन बिगड़ गया और वह अनियंत्रित होकर बीच सडक़ पर ही पलट गई। ट्रॉली पलटते ही चीख पुकार की स्थिति बन गई लेकिन चालक सुखचंद सुलाखे ने सूझबूझ दिखाते हुए ट्रैक्टर को पलटने से बचा लिया। व्यस्त मार्ग होने के बावजूद हादसे के वक्त कोई राहगीर बगल से नहीं गुजर रहा था जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। दुर्घटना के बाद सडक़ अवरुद्ध हो गयी लोगो ने दूसरे साइड से आवागमन किया करीब एक घंटे तक यह मुख्य मार्ग पूरी तरह अवरुद्ध रहा। घटना के तुरंत बाद चालक और उसके साथ मौजूद मजदूर ने स्थानीय लोगों की मदद से सडक़ पर बिखरी बोरियों को हटाने और ट्रॉली को सीधा करने का कार्य शुरू किया जिसके बाद यातायात बहाल हो सका।
कोथुरना से राईस मिल धान की बोरिया जा रही थी – सुखचंद सुलाखे
ट्रैक्टर चालक सुखचंद सुलाखे ने बताया की हम ग्राम कोथुरना से धान भरकर वारासिवनी की संचेती राइस मिल जा रहे थे। अचानक ट्रॉली के पीछे के दरवाजे का किनारा टूटने से संतुलन बिगड़ गया और ट्रॉली पलट गई। अच्छी बात यह रही कि इस दुर्घटना में किसी को चोट नहीं आई है। ट्रैक्टर को पलटने से बचा लिया गया था और बोरियों को किनारे कर रास्ता साफ करने का प्रयास किया गया।










































