दिव्या भारती, भारतीय सिनेमा की वह खूबसूरत अदाकारा रहीं, जो यदि आज जिंदा होतीं तो शायद ही कोई एक्ट्रेस सफलता के मामले में उनके आस-पास भी फटकतीं। साल 1990 में दिव्या भारती ने तमिल फिल्मों से एक्टिंग डेब्यू किया था। दो साल बाद 1992 में सनी देओल के साथ ‘विश्वात्मा’ से उन्होंने बॉलीवुड डेब्यू किया और उसी साल उनकी 12 फिल्में सिनेमाघरों में रिलीज हुईं। जब 19 साल की उम्र में दिव्या भारती की मौत हुई, तब उनकी 12 फिल्में रिलीज होनी बाकी थीं। उनमें से एक थी ‘लाडला’, जिसकी आधी शूटिंग वह कर चुकी थीं। ‘लाडला’ के राइटर अनीस बज़्मी थे। उन्होंने एक ताजा इंटरव्यू में उस आखिरी शूट को याद किया है, जब एक दिन पहले ही वह दिव्या से मिले थे।
साल 1993 में 5 अप्रैल की शाम को वर्सोवा में अपने घर की बालकनी से गिरने से हुई। यह वह खबर थी, जिसने दिव्या भारती के फैंस और पूरी इंडस्ट्री की दिल की धड़कन कुछ पल के लिए रोक दिया था। अनीस बज्मी बताते हैं कि एक्ट्रेस की असमय मौत के बाद ‘लाडला’ फिल्म को फिर से लिखना पड़ा था। उन्होंने बताया कि इस दुखद घटना का टीम पर गहरा असर पड़ा, क्योंकि लगभग पूरी फिल्म को दोबारा बनाना पड़ा।
दिव्या भारती के बाद श्रीदेवी के साथ शूट की गई ‘लाडला’
अनीस बज्मी बताते हैं कि कैसे श्रीदेवी ने बाद में ‘लाडला’ में लीड रोल निभाने के लिए हामी भरी, जबकि पहले उन्होंने पहले तमिल और तेलुगू में इसी कहानी को ठुकरा दिया था। साल 1994 में रिलीज हुई ‘लाडला’ में श्रीदेवी, अनिल कपूर और रवीना टंडन लीड रोल में थे। यह उस साल की सबसे बड़ी कमर्शियल हिट फिल्म बनी। यह फिल्म दिव्या भारती के साथ लीड एक्ट्रेस के तौर पर शूट की गई थी।










































