नई दिल्ली: ईरान और अमेरिका-इजारयल के बीच फरवरी से युद्ध चल रहा है तो उसके पीछे कहीं न कहीं फिलिस्तीन समस्या बड़ी वजह है। एक दिन पहले ही संयुक्त राष्ट्र में भारत ने फिलिस्तीन के लिए आवाज उठाई है तो उसने भी हमेशा उसका साथ देने के लिए भारत की जमकर तारीफ की है। फिलिस्तीन और इजरायल कट्टर दुश्मन हैं, लेकिन भारत की दोस्ती दोनों के ही साथ है।
‘फिलिस्तीन की सहायता रोकने का अभियान’
भारत में फिलिस्तीन के राजदूत अब्दुल्ला अबू शावेश ने कहा है, ‘अमेरिका ने यूएनआरडब्ल्यूए का फंड पूरी तरह से काट दिया है। दुर्भाग्य से एक यूरोपीय देश ने कई समर्थकों और संस्थाओं को इस देश के अंदर यूएनआरडब्ल्यूए के खिलाफ माहौल बनाने की अनुमति दे रखी है और यूएनआरडब्ल्यूए की वित्तीय सहायता को रोकने और इसे खत्म करने के लिए इस समय इनमें से एक देश में बहुत बड़ा अभियान भी चल रहा है।’
‘फिलिस्तीन की सहायता के लिए भारत प्रतिबद्ध’
यूएनआरडब्ल्यूए संयुक्त राष्ट्र का एक संगठन है, जिसका मतलब है- ‘यूनाइटेड नेशंस रिलीफ एंड वर्क्स एजेंसी फॉर फिलिस्तीन रिफ्यूजी इन द नीयर ईस्ट’। फिलिस्तीन के राजदूत ने कहा, ‘हमें लगता है कि यूएनआरडब्ल्यूए को भारत की ओर से मिलने वाली वित्तीय मदद यह दिखाती है कि भारत, यूएनआरडब्ल्यूए के अस्तित्व के राजनीतिक मकसद, फिलिस्तीन की वापसी के अधिकार और व्यापक अंतरराष्ट्रीय कानून के प्रति निश्चित रूप से पूरी तरह प्रतिबद्ध है।’










































