इस्लामाबाद: चीन की कंपनी सैनडैक मेटल्स लिमिटेड ने चेतावनी दी है कि अगर जुलाई के अंत तक बलूचिस्तान में बढ़ते ‘आतंकी हमलों’ को नहीं रोका गया तो वो अपना कारोबार समेट लेगी। ये पाकिस्तान की सबसे बड़ी चीनी संचालित कॉपर और गोल्ड माइन कंपनी है। यह पाकिस्तान सरकार की पूरी तरह से मालिकाना हक वाली कंपनी है जिसे चीन ऑपरेट करता है। इसके पास पश्चिमी बलूचिस्तान के दूर-दराज के चगाई रेगिस्तान में सैनडैक कॉपर-एंड-गोल्ड प्रोजेक्ट है। यह इलाका ईरान की सीमा के पास और पाकिस्तान के मुख्य इंडस्ट्रियल और ट्रांसपोर्ट हब से काफी दूर है।
इस माइन को 2000 के दशक की शुरुआत से चीन की सरकारी कंपनी ‘मेटलर्जिकल कॉरपोरेशन ऑफ चाइना’ (MCC) चला रही है। यह काम सैनडैक मेटल्स के साथ लंबे समय के लीज और जॉइंट-वेंचर समझौते के तहत हो रहा है। माइन को फर्नेस ऑयल, मशीनरी, स्पेयर पार्ट्स और दूसरी जरूरी चीजों के लिए लंबी, खुली सड़कों पर निर्भर रहना पड़ता है। लेकिन इस साल की शुरुआत से ही अलगाववादियों के सुनियोजित हमलों ने बार-बार सड़कों को ब्लॉक किया है और पूरे बलूचिस्तान में आवाजाही में रुकावट डाली है।










































