बोर्डरूम से लीक ‘सीक्रेट’, तबाह निवेशक! क्या है ‘Insider Trading’, जिससे अरबपति भी पहुंचे जेल

0

Insider Trading : शेयर बाजार में मुनाफे की अंधी दौड़ के बीच कई बार ऐसा खेल खेला जाता है, जिसमें कुछ चुनिंदा लोग करोड़ों रुपये कमाते हैं, जबकि आम निवेशकों को इसकी भनक तक नहीं लगती। कल्पना कीजिए कि किसी बड़ी कंपनी के विलय, बोनस, बड़े ऑर्डर, शानदार नतीजों या किसी अन्य अहम फैसले की जानकारी आधिकारिक घोषणा से पहले कुछ लोगों तक पहुंच जाए और वे उसी आधार पर शेयर खरीद या बेच दें। यही खेल इनसाइडर ट्रेडिंग कहलाता है।

क्यों माना जाता है अपराध?

यह शेयर बाजार के सबसे गंभीर वित्तीय अपराधों में से एक है, क्योंकि इससे बाजार में समान अवसर (Fair Play) का सिद्धांत खत्म हो जाता है और आम निवेशकों का भरोसा कमजोर पड़ता है। सरल भाषा में कहें तो यह परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र लीक होने जैसा मामला है। यदि किसी व्यक्ति को कंपनी की ऐसी गोपनीय जानकारी मिल जाती है जो अभी तक सार्वजनिक नहीं हुई है और वह उसी जानकारी के आधार पर शेयरों की खरीद-फरोख्त करता है, तो इसे इनसाइडर ट्रेडिंग माना जाता है।

क्या हैं सेबी के नियम?

सेबी के नियमों के मुताबिक ऐसी गोपनीय जानकारी को Unpublished Price Sensitive Information (UPSI) कहा जाता है। इसमें कंपनी के वित्तीय नतीजे, विलय-अधिग्रहण, बड़े ऑर्डर, बोनस, डिविडेंड, प्रबंधन में बदलाव, नए उत्पाद या किसी अन्य ऐसी जानकारी को शामिल किया जाता है जिससे शेयर की कीमत पर बड़ा असर पड़ सकता है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here