पद्मेश न्यूज। लालबर्रा। गरीबों को राहत देने का दावा करने वाली सरकारी योजनाएं धरातल पर दम तोड़ती नजऱ आ रही हैं। बीते ४ महीनों से क्षेत्र के सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के अंत्योदय राशन कार्डधारियों को शक्कर का वितरण नहीं किया गया है। सोसायटी के चक्कर काटकर थक चुके अंत्योदय परिवार अब खुले बाजार से महंगे दामों पर चीनी (शक्कर) खरीदने को मजबूर हैं। जबकि शासन ने पूर्व में अंत्योदय (अति गरीबी) रेखा के नीचे जीवनयापन करने वाले परिवार को प्रति कार्ड नि:शुल्क या फिर रियायती दर में एक किग्रा शक्कर का वितरण कर रही थी लेकिन पिछले ४ माह से लालबर्रा विकासखंड स्थित उचित मूल्यों की दुकानों से शक्कर का वितरण नही किया जा रहा है। ऐसी स्थिति स्थित में अंत्योदय कार्डधारी परेशान नजर आ रहे है और शासन-प्रशासन से उचित मूल्यों की दुकानों में शक्कर उपलब्ध करवाकर वितरण करवाने की मांग की है।
४ महीने से शक्कर का आवंटन ठप
आपकों बता दे कि शासन के नियमों के अनुसार अंत्योदय (अति गरीबी रेखा से नीचे) कार्डधारी परिवारों को प्रति माह प्रति कार्ड एक किलो शक्कर रियायती दर पर उपलब्ध करवाई जाती है। लेकिन बीते ४ माह से राशन दुकानों (सोसायटी) में शक्कर की सप्लाई पूरी तरह ठप है। कार्डधारी जब भी राशन दुकानों पर पहुंचते हैं, तो उन्हें स्टॉक नहीं आने का हवाला देकर खाली हाथ लौटा दिया जाता है। जबकि आगामी समय में रक्षा बंधन सहित अन्य त्यौहारों और आम दिनों में शक्कर की जरूरत पूरा करने के लिए गरीब परिवारों को अब ५० से ५५ रूपये प्रति किलो की दर से खुले बाजार से शक्कर खरीदनी पड़ रही है। जेब पर पड़ रहे इस अतिरिक्त बोझ से गरीब परिवारों का घरेलू बजट पूरी तरह गड़बड़ा गया है। राशन कार्डधारियों का कहना है कि महंगाई के इस दौर में राशन दुकान से मिलने वाली राहत भी अब छिन चुकी है। साथ ही यह भी कहा कि हर महीने राशन लेने जाते हैं लेकिन शक्कर ४ महीनों से नही मिल रही है। दुकानदार कहते हैं ऊपर से ही सप्लाई बंद है। बाजार से महंगी शक्कर खरीदनी पड़ रही है, जिससे घर चलाना मुश्किल हो रहा है। वहीं क्षेत्र के जागरूक नागरिक एवं अंत्योदय कार्डधारियों ने शासन-प्रशासन से उचित मूल्य की दुकानों में शक्कर उपलब्ध करवाकर गरीबी रेखा के नीचे जीवनयापन करने वाले हितग्राहियों को कम दरों में शक्कर वितरण करने की मांग की है।
दूरभाष पर जिला खाद्य आपूर्ति अधिकारी श्री भलावी ने बताया कि मार्च माह के पूर्व तक उचित मूल्य की दुकानों से गरीबी रेखा के नीचे जीवनयापन करने वाले कार्डधारियों का शक्कर का वितरण किया गया है। उसके बाद से आगे से ही शक्कर का स्टॉक नही आ रहा है, जिसके कारण से वितरण नही किया जा रहा है, उपलब्ध होते ही अंत्योदय कार्डधारियों को वितरण कर दिया जायेगा।










































