चार वर्ष में दोगुना हो गया भोपाल का निर्यात, अमेरिका, फ्रांस, जर्मनी और ईराक सहित कई देशों में जा रहे उत्पाद

0

भोपाल। भोपाल ने निर्यात के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल करते हुए बीते चार वर्षों में 118 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्ज की है। वर्ष 2021-22 में जहां जिले का कुल निर्यात 1,062.89 करोड़ रुपये था, वहीं वर्ष 2025-26 में यह बढ़कर 2,323.58 करोड़ रुपये तक पहुंच गया।

कृषि एवं खाद्य उत्पादों के साथ इंजीनियरिंग और विनिर्माण क्षेत्र की बढ़ती वैश्विक मांग ने भोपाल को मध्य प्रदेश के प्रमुख निर्यात केंद्रों की श्रेणी में ला खड़ा किया है।

कुल निर्यात 2025-26 में 2,323.58 करोड़ तक पहुंचा

कलेक्टर प्रियंक मिश्रा ने इस उपलब्धि को उद्योगों, निर्यातकों और प्रशासनिक संस्थाओं के समन्वित प्रयासों का परिणाम बताया है। उन्होंने बताया कि वित्तीय वर्ष 2021-22 में जिले का कुल निर्यात 1,062.89 करोड़ रुपये था, जो वर्ष 2025-26 में बढ़कर 2,323.58 करोड़ रुपये तक पहुंच गया।यह वृद्धि जिले की औद्योगिक क्षमता, उत्पाद गुणवत्ता और वैश्विक बाजारों में बढ़ती स्वीकार्यता को दर्शाती है। कृषि एवं खाद्य उत्पादों के निर्यात में सबसे अधिक वृद्धि दर्ज की गई है।

केले, बासमती चावल, सोयाबीन मील, अंगूर ने पहचान बनाई

जिले से निर्यात होने वाले ताजे केले, बासमती चावल, सोयाबीन मील और अंगूर जैसे उत्पादों ने अंतरराष्ट्रीय बाजारों में मजबूत पहचान बनाई है। इन उत्पादों की बढ़ती मांग ने किसानों और कृषि आधारित उद्योगों को भी नए अवसर उपलब्ध कराए हैं।

ट्रांसफार्मर, टरबाइन, जनरेटर के पुर्जे की मांग

वहीं, इंजीनियरिंग एवं विनिर्माण क्षेत्र भी निर्यात वृद्धि का मजबूत आधार बनकर उभरा है। भोपाल में निर्मित पावर ट्रांसफार्मर, टरबाइन, जनरेटर के पुर्जे, विद्युत उपकरण तथा बेयरिंग हाउसिंग जैसे उत्पादों की वैश्विक बाजारों में लगातार मांग बढ़ रही है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here