नई दिल्ली: भारत की ओर से सिंधु जल संधि (IWT) रुकने के बाद से पाकिस्तान पूरी तरह से हताश और निराश है। पाकिस्तानी नेता कभी इसको लेकर धमकाने वाली भाषा बोलना शुरू कर देते हैं तो कभी पूरी तरह से निराशा की दुनिया में डूब जाते हैं। कुछ ऐसा ही नजर आया पाकिस्तान की पूर्व विदेश मंत्री हिना रब्बानी खार के एक हालिया बयान में। लेकिन, पाकिस्तानी नेता को इस निराशा से निकलने का रास्ता दिखाया है, भारतीय सेना के एक पूर्व अधिकारी और राष्ट्रीय सुरक्षा एक्सपर्ट मेजर जनरल हर्ष कक्कड़ (रिटायर्ड) ने।
‘भारत यूएन जनरल असेंबली में भी रहने लायक नहीं’
हिना रब्बानी खार ने मंगलवार को इस्लामाबाद में सिंधु जल समाझौते पर आयोजित एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में कहा कि भारत संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में स्थायी सीट चाहता है, लेकिन सिंधु जल संधि को रोकने के बाद तो वह संयुक्त राज्य आम सभा में भी रहने के लायक नहीं है।









































