७ दिनों तक गंूजी देववाणी, विभिन्न गतिविधियों से विद्यार्थियों को संस्कृत भाषा के महत्व से करवाया अवगत
पद्मेश न्यूज। लालबर्रा। लोक शिक्षण संचालनालय एवं महर्षि पतंजलि संस्कृत संस्थान के निर्देशानुसार नगर मुख्यालय स्थित शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में गत २५ अगस्त से आयोजित सात दिवसीय ‘संस्कृत सप्ताह’ कार्यक्रम का ३१ अगस्त को समारोहपूर्वक समापन किया गया। संस्कृत भाषा के प्रचार-प्रसार और विद्यार्थियों को जीवन मूल्यों से परिचित कराने के उद्देश्य से सप्ताह भर विविध शैक्षणिक व सांस्कृतिक गतिविधियों का आयोजन किया गया। संस्कृत सप्ताह कार्यक्रम का समापन के अवसर पर आमंत्रित संस्कृत विद्वानों का बौध्दिक उद्बोधन आयोजित किया गया। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य संस्कृत भाषा के व्यापक प्रचार-प्रसार के साथ-साथ विद्यार्थियों को नैतिक व जीवन मूल्यों से परिचित करवाना तथा जन सामान्य में देववाणी संस्कृत के प्रति जागरूकता फैलाना था।
७ दिनों तक हुए विविध कार्यक्रम एवं प्रतियोगिताएं
संस्कृत सप्ताह कार्यक्रम के तहत सप्ताह भर विद्यालय में संस्कृत भाषा को बढ़ावा देने के लिए कई शैक्षणिक व सांस्कृति कार्यक्रम आयोजित किये गये। जिसमें गत २५ अगस्त को तिलक लगाकर संस्कृत सप्ताह की शुभकामनाएं दी गईं तथा विद्यालय स्तर पर १० सुभाषित श्लोकों का सामूहिक पाठ किया गया। २६ अगस्त को संस्कृत दिनाचरण एवं संस्कृत गीत प्रतियोगिता का सफल आयोजन हुआ। २७ अगस्त को संस्कृतम् किमर्थम् आवश्यकम् (संस्कृत क्यों आवश्यक है) विषय पर विशेष व्याख्यान का आयोजन किया गया। २८ अगस्त को संस्कृत श्रावणी उपाकर्म, वेद पूजन तथा वेदपाठ का आयोजन किया गया। २९ अगस्त को विद्यार्थियों द्वारा भव्य संस्कृत शोभा यात्रा निकाली गई। ३० अगस्त को संस्कृत क्रीड़ोत्सव, प्रतियोगिताएं तथा संस्कृत संध्या (गीत, कविता, ग’जलिका एवं भजन) का आयोजन किया गया एवं ३१ अगस्त को संस्कृत विद्वानों के बौध्दिक सत्र के साथ कार्यक्रम का समापन किया गया। समापन के अवसर पर आमंत्रित संस्कृत विद्वानों ने अपने बौध्दिक उद्बोधन में संस्कृत को समस्त भारतीय भाषाओं की जननी बताते हुए आधुनिक युग में इसके व्यावहारिक व पौराणिक महत्व पर प्रकाश डाला। इस दौरान शिक्षकों एवं विद्यार्थियों द्वारा संस्कृत भाषा में गीत, प्रेरक भाषण और नाटक की मनमोहक प्रस्तुतियां दी गई। कार्यक्रम के सफल आयोजन से संपूर्ण विद्यालय परिसर देववाणी की मधुर गूंज से सराबोर रहा।










































