Asian Games 2026: आंध्र प्रदेश के युवा तीरंदाज थिरुमुरु गणेश मणि रत्नम ने पुरुष व्यक्तिगत कंपाउंड स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर देश का मान बढ़ाया है। 9 मई 2006 को आंध्र प्रदेश में जन्मे गणेश ने 2016 में तीरंदाजी शुरू की थी। उन्होंने 150 में से 149 अंक शूट किए और विरोधी को कोई मौका नहीं दिया।Asian Games 2026: एशियाई खेलो में भारतीय कंपाउंड तीरंदाजी का जलवा जारी है। आंध्र प्रदेश के युवा तीरंदाज थिरुमुरु गणेश मणि रत्नम ने पुरुष व्यक्तिगत कंपाउंड स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर देश का मान बढ़ाया है। कांस्य पदक के मुकाबले में गणेश ने अविश्वसनीय प्रदर्शन किया। उन्होंने 150 में से 149 अंक शूट किए और विरोधी को कोई मौका नहीं दिया।
टीम इवेंड में किया था क्लीन स्वीप
इससे पहले गणेश ने टीम इवेंट में भी इतिहास रचा था। भारत ने पहली बार कंपाउंड टीम स्पर्धा में क्लीन स्वीप किया। गणेश, कुशल दलाल और साहिल जाधव की तिकड़ी ने फाइनल में चीन को 238-237 से एक रोमांचक मुकाबले में हराकर गोल्ड मेडल जीता था। फाइनल में एक-एक मिलीमीटर के लिए जंग हुई, लेकिन भारतीय तिकड़ी ने दबाव में अपना संयम नहीं खोया। गोल्ड तक का सफर आसान नहीं था। सेमीफाइनल में भारत ने तीरंदाजी की महाशक्ति दक्षिण कोरिया को 236-229 से 7 अंकों के बड़े अंतर से हराकर फाइनल में जगह बनाई थी।
कौन हैं गणेश मणि रत्नम थिरुमुरु
9 मई 2006 को आंध्र प्रदेश में जन्मे गणेश ने 2016 में तीरंदाजी शुरू की थी। वह स्पैरो आर्चरी एकेडमी में ट्रेनिंग करते हैं। वह अपने पिता को अपनी सबसे बड़ी प्रेरणा मानते हैं। उनका सपना वर्ल्ड चैंपियन बनना और दुनिया के टॉप-3 कंपाउंड तीरंदाजों में शामिल होना है। इससे पहले उन्होंने 5 अंतरराष्ट्रीय पदक जीते हैं। जिसमें 2 गोल्ड, 2 सिल्वर और 2 ब्रॉन्ज शामिल हैं।। इसमें विनिपेग में हुई वर्ल्ड आर्चरी यूथ चैंपियनशिप 2026 में टीम गोल्ड और 2023 में टीम सिल्वर शामिल है। इसके अलावा एशियन ग्रांड प्रिक्स में भी उन्होंने 2025 में टीम गोल्ड, सिल्वर और 2024 में ब्रॉन्ज जीता है।






































