नई दिल्ली: अमेरिका के ट्रंप प्रशासन द्वारा ग्रीन कार्ड जारी करने के नियमों में किए गए एक बड़े और सख्त बदलाव के बाद भारतीय टेक जगत में हलचल मच गई है। इस नीतिगत बदलाव पर प्रतिक्रिया देते हुए टेक कंपनी जोहो (Zoho) के फाउंडर और आईआईटीयन (IIT-ian) श्रीधर वेम्बू ने अमेरिका में रह रहे भारतीयों से एक बार फिर भावुक अपील की है।
उन्होंने प्रवासी भारतीयों से अपने भविष्य पर पुनर्विचार करने और भारत की विकास यात्रा में योगदान देने के लिए स्वदेश लौटने का आग्रह किया है। यह पूरी बहस अमेरिकी डिपार्टमेंट ऑफ होमलैंड सिक्योरिटी (DHS) और यूएस सिटीजनशिप एंड इमिग्रेशन सर्विसेज (USCIS) द्वारा जारी किए गए एक नए पॉलिसी मेमो के बाद शुरू हुई। वेम्बू ने पिछले महीने भी अमेरिका में बसे भारतीयों से वापस लौटने की अपील की थी।क्या है ट्रंप प्रशासन का नया नियम
- नए नियमों के मुताबिक, जो विदेशी नागरिक फिलहाल अस्थायी वीजा (जैसे H-1B) पर अमेरिका में हैं और ग्रीन कार्ड (स्थायी निवास) पाना चाहते हैं, उन्हें अब आवेदन करने के लिए अनिवार्य रूप से अपने गृह देश वापस लौटना होगा।
- पहले से चली आ रही एडजस्टमेंट ऑफ स्टेटस की प्रक्रिया जो प्रवासियों को अमेरिका में रहते हुए ही ग्रीन कार्ड के लिए आवेदन करने की अनुमति देती थी, उसे अब एक गारंटीकृत अधिकार के बजाय एक विवेकाधीन प्रक्रिया (Discretionary Process) बना दिया गया है।
असाधारण मामलों में ही राहत
अमेरिकी एजेंसी ने साफ किया है कि अधिकारी अब हर आवेदन की व्यक्तिगत स्तर पर जांच करेंगे और इसे एक असाधारण राहत के रूप में देखा जाएगा। दुर्लभ परिस्थितियों को छोड़कर, आवेदकों को भारत या अपने देश वापस जाकर ही औपचारिकताएं पूरी करनी होंगी।










































