Iran US Peace Talks: पश्चिम एशिया में जारी टकराव और तनाव के बीच इस्लामाबाद में पटरी से उतरी अमेरिका ईरान के बीच वार्ता के एक बार फिर से शुरू हो सकती है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के वार्ता को लेकर दिए गए बयान के बाद अब ईरानी राष्ट्रपति ने भी कुछ ऐसे ही संकेत दिए हैं, जिसके बाद वैश्विक स्तर पर इस बात को बल मिला है कि जल्द ही इस जंग का कोई हल निकलेगा। ईरानी राष्ट्रपति पेजेशकियन ने आज कहा कि ईरान भी जंग नहीं बल्कि संवाद चाहता है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिका को उस पर अपनी कोई इच्छा नहीं थोपनी चाहिए। अगर अमेरिका ऐसा करेगा तो यह प्रयास विफल होगा।
हम युद्ध नहीं संवाद चाहते हैं- पेजेश्कियन
ईरान की सबसे पुरानी सरकारी समाचार एजेंसी आईआरएनए ने ईरान के राष्ट्रपति पेजेशकियन के हवाले से कहा कि उनका देश युद्ध नहीं, बल्कि संवाद चाहता है और अमेरिका द्वारा ईरान पर अपनी इच्छा थोपने या उसे आत्मसमर्पण करने के लिए मजबूर करने का कोई भी प्रयास विफल होगा। पेजेशकियन ने आगे सवाल भी किया। उन्होंने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय कानून और मानवीय सिद्धांतों के दायरे में नागरिकों,अभिजात वर्ग,बच्चों को निशाना बनाने और स्कूलों और अस्पतालों सहित महत्वपूर्ण केंद्रों को नष्ट करने का क्या औचित्य है?”
कल ट्रंप ने किया था वार्ता के फिर शुरू होने का दावा
इससे पहले बीते दिन अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को कहा था कि ईरान वार्ता अगले दो दिनों में पाकिस्तान में फिर से शुरू हो सकती है। ट्रंप ने कहा कि आपको वास्तव में वहीं रहना चाहिए,क्योंकि अगले दो दिनों में कुछ महत्वपूर्ण घटनाक्रम हो सकता है,और हम वहां जाने के लिए अधिक इच्छुक हैं।” ट्रंप ने कहा कि पाकिस्तान के सेना प्रमुख,फील्ड मार्शल आसिम मुनीर ने वार्ता को लेकर शानदार काम कर रहे हैं। वह बहुत अच्छे हैं,और इसलिए यह अधिक संभावना है कि हम वहां वापस जाएं।
इससे पहले पाकिस्तानी मीडिया ने कहा था कि दोनों पक्ष अगले सप्ताह तक इस्लामाबाद में वार्ता के दूसरे दौर के लिए फिर से मिल सकते हैं।










































