करीब सप्ताह भर बाद नगर पालिका और राजस्व अमले ने भटेरा रोड पर पसरे अतिक्रमण को तोडऩे की कार्रवाई की गई। शनिवार को दोपहर बाद भटेरा रोड पर
गहमागहमी का माहौल देखने को मिला। भटेरा रेलवे ओवरब्रिज को हरी झंडी मिलने के बाद विधायक और आयोग अध्यक्ष गौरीशंकर बिसेन की पहल पर ये कार्रवाई की गई है। अतिक्रमण की कार्रवाई से पहले दोपहर ढाई बजे तक नगर पालिका के अधिकारी, एसडीएम और पुलिस अधिकारियों की बैठक हुई। लंबे मंथन के बाद अमले ने भटेरा रोड पहुंचकर सड़क छोर तक दुकानों के टीन शेड को धराशाई किया। आपको बता दें कि करीब सप्ताह नपा और राजस्व अमले ने भटेरा रोड पर पसरे अतिक्रमण को लेकर नापझोंक की कार्रवाई कर 120 दुकान और मकान मालिकों को चिन्हित कर खुद से अतिक्रमण हटाने कहा था। बुलडोजर की कार्रवाई से बचने अधिकतर लोगों ने पहले ही अपने कब्जे हटा लिए थे, लेकिन कई दुकान और घरों से अतिक्रमण नहीं हटा था, जिसे शनिवार को बुलडोजर की मदद से ढहाया गया। इस दौरान मार्ग पर लोगों की भारी भीड़ देखने को मिली। आपको बता दें कि अतिक्रमण की इस कार्रवाई में प्रशासन ने दुकान व घरों के सामने सड़क छोर पर बने टीन शेड, बॉउंड्रीवॉल जैसे अवैध निर्माणों को तोड़ा है। यानी अतिक्रमण की जद में आने वाले मकानों को अभी नहीं तोड़ा गया है। एसडीएम संदीप सिंह ने बताया कि आने वाले चार-पांच दिनों बाद सर्वे किया जाएगा। सर्वे में जो घर अतिक्रमण के दायरे में आएंगे उन्हें तोडऩे की कार्रवाई की जाएगी। बताया गया कि अगले सप्ताह रेलवे विभाग भी ओवरब्रिज को लेकर सर्वे करेगा, जिसमें अतिक्रमण के दायरे में आने वाले भवनों और दुकानों को तोडऩे की कार्रवाई की जाएगी। हालांकि, प्रशासन की इस कार्रवाई को लेकर कई जगह समर्थन तो कई जगह विरोध के सुर गूंज रहे हैंं। लोग भविष्य को देखते हुए कार्रवाई की सही ठहरा रहे हैं तो कुछ लोग पहले नपा पिर रेलवे द्वारा होने वाले सर्वे को अनुचित बता रहे हैं। लोगों का कहना है कि ओवरब्रिज के लिए अतिक्रमण हटाना चाहिए लेकिन इसके लिए बार-बार सर्वे करना गलत है। एक ही बार में सर्वे कर अतिक्रमण हटाना चाहिए। क्योंकि हर दो साल या तीन साल में सर्वे होता है और अतिक्रमण तोड़ने के बाद कार्रवाई नहीं होती। इससे गरीब लोग परेशान होते हैं। इस मौके पर प्रभारी सीएमओ और बालाघाट तहसीलदार नितिन चौधरी, सीएसपी अंजुल अयंक मिश्रा, कोतवाली टीआई कमल सिंह गेहलोत सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी कर्मचारी मौजूद रहे।










































