बीते दिनों वारासिवनी थाना अंतर्गत आने वाले ग्राम कायदी में हुए गोलीकांड के आरोपियों को पुलिस द्वारा गिरफ्तार कर लिया गया है यह जानकारी एडिशनल एसपी विजय डाबर के द्वारा प्रेस वार्ता के दौरान दी गई जहां उन्होंने बताया कि 4 जून को ग्राम कायदी में गोलीकांड हुआ था उस गोलीकांड के दो आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है और यह गोलीकांड की वजह पत्नीं के अवैध संबंध बताया गया है
एडिशनल एसपी विजय डाबर द्वारा 6 जून को स्थानीय कंट्रोल रूम में प्रेस वार्ता का आयोजन कर बताया गया की 4 जून को थाना वारासिवनी अंतर्गत वार्ड न.11 कायदी निवासी राकेश लिल्हारे पर गोली चलने की सूचना पर वारासिवनी पुलिस द्वारा तत्काल घायल को ईलाज हेतु सिविल अस्पताल वारासिवनी लाया गया था जहां से डाक्टर द्वारा रेफर करने पर घायल को जिला अस्पताल बालाघाट से गोदियां और बाद में नागपुर पहुंचाया गया। नागपुर में (किग्सवे) अस्पताल में घायल राकेश लिल्हारे पिता मंगल लिल्हारे उम्र 24 वर्ष निवासी वार्ड न.11 कायदी का अस्पताल के आईसीयू ईलाज चल रहा है। इस घटना के संबंध में घायल राकेश लिल्हारे के छोटे भाई मुकेश लिल्हारे जो घटना का प्रत्यक्षदर्शी गवाह है की रिपोर्ट करने पर थाना वारासिवनी में अपराध क्र-.241/2024 धारा 307,294,34 भादवि का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया था पुलिस ने मामला को अतिगंभीर लेते हुए अपराधियों की धरपकड़ हेतु पुलिस अधीक्षक समीर सौरभ के द्वारा दिए गये निर्देशों के पालन में एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजय डावर व एसडीओपी वारासिवनी अभिषेक चौधरी के मार्गदर्शन में थाना वारासिवनी पुलिस द्वारा 48 घंटे के अंदर प्रकरण के मुख्य आरोपी महेश बनोटे उर्फ छोटू उम्र 33 वर्ष निवासी वार्ड न. 11 रेल्वे कालोनी कायदी एवं सह आरोपी मिनतुल्ला शेख उर्फ आर्यन, जिसे आरोपी ने बिहार से बुलाया गया था को गिरफ्तार करने एवं घटना में प्रयोग किये गये पिस्टल, पिस्टल का एक जिन्दा कारतूस, पिस्टल का एक अन्य मैग्जीन एवं एक अन्य देशी कट्टा व देशी कट्टा के दो जिन्दा कारतूस को बरामद किया था
इस प्रकार हुई थी घटना –
विवेचना के दौरान आरोपीगणों से पुलिस पूछताछ एवं साक्ष्यों से ज्ञात हुआ कि उक्त अपराध के आरोपी महेश बनोटे को शंका थी कि उसकी पत्नि का घायल राकेश लिल्हारे के साथ संबंध था , जिस कारण आरोपी महेश बनोटे ने अपनी पत्नि को पूर्व से छोड रखा है। आरोपी महेश बनोटे की पत्नि ने इसके विरूध भरण पोषण प्रदाय करने के लिये केस माननीय न्यायालय में लगा रखी है, जो विचारण में है। आरोपी व फरियादी का घर वार्ड न.11 कायदी में आमने सामने है और दोनो का विवाद काफी समय से चल रहा था, इस बीच आरोपी महेश बनोटे ने घायल को जान से खत्म कर देने की योजना बनायी और अपने परिचित बिहार के रहने वाले साथी मिनत्तुल्ला शेख जो जिला कटिहार बिहार का रहने वाला है उससे एक पिस्टल, कारतूस, देशी कट्टा, कट्टे का कारतूस पैसा देकर बुलवाया और दोनो ने योजना बनाकर पहले घायल को गाली गलौच कर अपने घर से बाहर आने के लिये मजबूर करते हुए घायल पर पिस्टल से 04 जून के दिन लगभग 12.00 बजे गोली मार कर भाग गये । घटना स्थल से गोली का खाली खोखा जप्त किया गया। वरिष्ठ अधिकारियों के कुशल नेतृत्व एवं मार्गदर्शन पर 48 घंटे के अंदर आरोपियों जिसमें मुख्य आरोपी महेश बनोटे व उसके साथी मिनत्तुल्ला शेख को गिरफ्तार करने एवं घटना में प्रयुक्त हथियार पिस्टल, एक जिन्दा कारतूस, एक अन्य मैग्जीन तथा देशी कट्टा एवं देशी कट्टा के दो जिन्दा कारतूस बरामद करने में थाना वारासिवनी पुलिस को सफलता मिली है
पत्नी के साथ अवैध संबंध होने के शक में हुई थी वारदात –
बताया जा रहा है कि राकेश और आरोपी राजू बनोटे एक ही मोहल्ले में कुछ दूरी पर आमने-सामने मकान में रहते हैं। जानकारी के अनुसार आरोपी राजू बनोटे की पत्नी ने करीब दो ढाई वर्ष पूर्व राजू को छोड़ दिया है और वह अपने मायके चली गई है। राजू को इस बात का शक था कि उसकी पत्नी का राकेश के साथ अवैध संबंध है। इसीलिए उसकी पत्नी ने उसे छोड़ दिया है। इसी बात को लेकर राजू बनोटे, राकेश से रंजीश रखता था और इसी रंजीश के चलते विवाद में राजू और उसके साथियों ने राकेश पर गोली चलाकर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया है। वही बताया तो यह भी जा रहा है कि घायल राकेश लिल्हारे और राजू बनोटे का आए दिन विवाद होते रहता था और राकेश लिल्हारे आए दिन राजू बनोटे को पत्नी के साथ अवैध संबंध होने के ताने मारते रहता था जिस पर आए दिन राजू बनोटे तनाव में रहता था
इनकी रही भूमिका –
थाना प्रभारी वारासिवनी बीभेन्दु व्यंकट टांडिया, उनि पवन यादव, सउनि महेलसिंह धुर्वे, सउनि तरूण सोनेकर, सउनि सत्यशिला वासनिक, प्र.आर दारासिंह बघेल, प्र.आर. शाहिद परवेज खान, आर. हेमंत बघेल, आर. पप्पु उइके, आर. शिवदत्त शर्मा, आर. सूजीत कोटांगले, आर दिनेश गेडाम, म.आर. राधिका, म.आर शारदा, प्र.आर. शोभेन्द्र डहरवाल (सायवर सेल) का विशेष योगदान रहा।










































