नगरपालिका परिषद बालाघाट के वार्ड क्रमांक 14 स्थित शासकीय मेहरा तालाब को अतिक्रमणमुक्त कर संरक्षित किये जाने के सम्बन्ध में राष्ट्रीय हरित न्यायाधिकरण मध्य खण्डपीठ भोपाल में याचिकाकर्ता जीवन लाल बैरबैया की ओर से दायर याचिका में मध्यप्रदेश प्रदुषण बोर्ड जबलपुर ने एनजीटी के निर्देशों का पालन करते हुए नगरपालिका परिषद बालाघाट पर बड़ी कार्यवाही करते हुए दिनांक 20.07.2021 को 84 लाख के जुर्माने का नोटिस जारी किया है l
आपको बता दे कि वार्ड क्रमांक 14 स्थित शासकीय मेहरा तालाब के अतिक्रमण एवं प्रदूषण कि जांच करने के लिए एनजीटी ने तिन सदस्यीय टीम का गठन किया था उक्त टीम ने निरिक्षण के दौरान पाया कि मेहरा तालाब का पानी अत्यंत दूषित है जो कि आसपास में स्थित घरों और तालाब में मिलने वाली नालियों से सीधे तालाब में मिलता है और तालाब को प्रदूषित करता है l
साथ ही जांच दल ने यह भी पाया कि 16 लोगो ने तालाब की भूमि पर अतिक्रमण कर अपने आवास बना रखे है जो कि तालाब के प्रदुषण का मुख्य कारण है l यह बता दे कि एनजीटी ने पिछली सुनवाई के दौरान सख्त लहजे में कहा था कि तालाब में किसी प्रकार का प्रदूषण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा l
एनजीटी ने मध्यप्रदेश प्रदुषण नियंत्रण बोर्ड को निर्देशित किया था कि नगरपालिका परिषद बालाघाट पर प्रति नाली के हिसाब से प्रत्येक माह 5 लाख का जुर्माना वसूल किया जाए l
तालाब में मिलने वाली सभी नालियों को बंद करने में नगरपालिका परिषद बालाघाट असफल रही है इसी कारण मध्यप्रदेश प्रदुषण बोर्ड जबलपुर ने एनजीटी के निर्देशों का पालन करते हुए नगरपालिका परिषद बालाघाट को दिनांक 20.07.2021 को 84 लाख के जुर्माने का नोटिस जारी किया जिसकी जानकारी मध्यप्रदेश प्रदुषण बोर्ड जबलपुर ने एनजीटी के समक्ष प्रस्तुत की है l
वही अतिक्रमण हटाने के सम्बन्ध में दिनांक 11.08.2021 को नगरपालिका द्वारा पत्र जारी कर अवगत कराया गया है कि वर्षा ऋतू के दौरान अतिक्रमण हटाया जाना संभव नहीं है l साथ ही अतिक्रमंकारियों को विधुत एवं नल कनेक्शन विच्छेद किया जाने के सम्बन्ध में नोटिस भी जारी किया गया है l अब इस मामले की अगली सुनवाई दिनांक 20.09.2021 को होनी है l









































