तेलअवीव/तेहरान: ईरान के नए सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेनई ने अपने पिता की अयातुल्ला की हत्या के बाद सत्ता तो संभाल ली है लेकिन उन्हें इस हमले के बाद किसी ने देखा नहीं है। अमेरिका और इजरायल ने मिसाइलों की बारिश करके अयातुल्ला खामेनेई की हत्या कर दी थी। ईरानी सेना उन्हें बचाने के लिए बहुत ही ज्यादा गोपनीयता बरत रही है। खुद ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची कह चुके हैं कि वह मोजतबा के नया सुप्रीम लीडर बनने के बाद उनसे मिले नहीं हैं। इस बीच अमेरिकी खुफिया एजेंसी सीआईए और इजरायल की मोसाद ने मोजतबा खामेनेई को तलाशक उन्हें मारने के लिए एक महाअभियान छेड़ दिया है। माना जा रहा है कि मोजतबा पर्दे के पीछे रहकर सख्त रणनीति बना रहे हैं और इसी वजह से अमेरिका के साथ डील होने में बाधा आ रही है।
मोजतबा खामेनेई (56) को 8 मार्च को उनके पिता की हत्या के बाद नया सुप्रीम लीडर चुना गया था। मोजतबा को चुने जाने के बाद 5 महीने बीत चुके हैं लेकिन अब तक ईरानी सुप्रीम लीडर किसी सार्वजनिक कार्यक्रम में नहीं दिखाई दिए हैं। मोजतबा ने टीवी पर कोई भाषण भी नहीं दिया है। मोजतबा अप्रत्याशित तरीके से किसी से भी नहीं मिल रहे हैं। इससे विदेशी खुफिया एजेंसियों में यह सवाल उठने लगा है कि मोजतबा कहां हैं और क्या उनका ही ईरानी नेतृत्व पर कंट्रोल है या नहीं।










































