वार्ड क्रमांक 25 में प्रस्तावित शराब दुकान के स्थान परिवर्तन को लेकर महिलाओं का विरोध लगातार तेज होता जा रहा है। कई दिनों से चल रहे धरना-प्रदर्शन के बीच शुक्रवार 25 अप्रैल को सांसद भारती पारधी भी आंदोलनरत महिलाओं के बीच पहुंचीं और उनके समर्थन में खड़ी नजर आईं। सांसद ने प्रदर्शन स्थल पर पहुंचकर महिलाओं से चर्चा की और उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना। इस दौरान उन्होंने कहा कि उन्हें पहले से ही इस बात की जानकारी थी कि वार्ड क्रमांक 25 की महिलाएं क्षेत्र में शराब दुकान खोले जाने का विरोध कर रही हैं और दुकान को अन्यत्र स्थानांतरित करने की मांग कर रही हैं। हालांकि जिले से बाहर होने के कारण वह पहले आंदोलन में शामिल नहीं हो सकीं।
सांसद ने बताया कि उन्होंने आबकारी विभाग के अधिकारियों और लाइसेंसधारी ठेकेदारों से इस विषय में चर्चा की है। बातचीत के दौरान शराब दुकान को वर्तमान स्थान से हटाकर किसी अन्य जगह स्थानांतरित करने को लेकर सहमति बनती दिखाई दे रही है। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि फिलहाल पर्याप्त और उपयुक्त स्थान उपलब्ध नहीं होने के कारण दुकान को तत्काल हटाना संभव नहीं हो पा रहा है। जैसे ही नया स्थान तय होगा, दुकान को वहां शिफ्ट करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी। सांसद ने महिलाओं के आंदोलन को पूरी तरह उचित बताते हुए कहा कि रहवासी क्षेत्र में शराब दुकान खुलने से स्थानीय लोगों, खासकर महिलाओं और बच्चों को परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। इसलिए उनकी मांग को गंभीरता से लिया जा रहा है। गौरतलब है कि सांसद के प्रदर्शन स्थल पर पहुंचने से एक दिन पहले आंदोलनरत महिलाओं ने उनके खिलाफ नाराजगी जाहिर की थी। महिलाओं का आरोप था कि उनके वार्ड में शराब दुकान खोले जाने के बावजूद सांसद उनके समर्थन में सामने नहीं आ रही हैं। इसी मुद्दे को लेकर महिलाओं ने नारेबाजी भी की थी। महिलाओं के विरोध प्रदर्शन का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हुआ, जिसे कांग्रेस नेताओं द्वारा भी साझा किया गया। वीडियो में महिलाओं द्वारा सांसद के खिलाफ नाराजगी व्यक्त करते हुए समर्थन नहीं मिलने की बात कही गई थी। इन घटनाक्रमों के बाद 25 अप्रैल को सांसद का धरना स्थल पहुंचना राजनीतिक और सामाजिक दोनों दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। फिलहाल अब लोगों की नजरें संबंधित विभाग और शराब दुकान संचालकों पर टिकी हैं कि आखिर कब तक नया स्थान चिन्हित किया जाता है और यह शराब दुकान किस वार्ड में स्थानांतरित होती है। वहीं महिलाओं ने साफ कर दिया है कि जब तक शराब दुकान को यहां से हटाया नहीं जाता, उनका आंदोलन जारी रहेगा।










































