श्रावण मास के तीसरे सोमवार को बोलबम सेवा समिति द्वारा आयोजित कांवड़ यात्रा का तीसरा जत्था 1 अगस्त को प्रात: 7 बजे गायत्री मंदिर के सामने से सीतापाला के चैली बाघनदी के उद्गम स्थल के लिये रवाना हुआ । लगभग 300 कावडिय़ों का जत्था उद्गम स्थल पर पहुंचकर कावड़ यात्रियों ने स्नान आदि कर वहां स्थापित शिवलिंग का पूजन अर्चन कर कांवड़ यात्रियों के द्वारा अपने – अपने जल पात्र में जल लेकर संकल्प के साथ यात्रा प्रारंभ करते हुये घने कटिले जंगलों से गुजरते हुये कांन्द्रीघाट , रिसेवाड़ा, बम्हनवाड़ा, वारी, लोहारा, भूरसाडोंगरी , कालीमाटी होते हुये लांजी की 42 किमी की नगे पाव पद यात्रा कर शाम करीब 6 बजे कोटेश्वर धाम लांजी पहुंचे । जहां भगवान कोटेश्वर का जलाभिषेक पवित्र जल से कांवड़ यात्रियों के द्वारा किया गया । बोल बम सेवा समिति के द्वारा जगह जगह पर कावड़ यात्रियों के लिये विशेष व्यवस्था की गई थी । इस तीसरे सोमवार के जत्थे मे कांवड़ यात्रियों में एक अलग ही उत्साह दिखाई दिया । बोल बम के रथ के साथ झुमते नाचते गाते कावडिय़ों में यात्रा को लेकर खासी उमंग नजर आई जो कि इन्हीं कांवड़ यात्रियों को जल्द से जल्द कोटेश्वर धाम पहुंचने में सहायक रही । आगामी 8 अगस्त को कावड़ यात्रा का चौथा एवं इस सावन का अंतिम जत्था बोलबम सेवा समिति के कार्यालय बस स्टैण्ड , गायत्री मंदिर भिलाई रोड लांजी से चैली के लिए रवाना होगा।










































