घर में घुसकर एक महिला की हत्या करने की नियत से उससे मिट्टी तेल डालकर जलाने के आरोप में आरोपी कृष्णा बागबंदे 27 वर्ष ग्राम मोहगांव कला थाना किरनापुर निवासी को तीन-तीन वर्ष की सश्रम कारावास से दंडित किया गया।
यह फैसला विद्वान सत्र न्यायाधीश अमरनाथ केशरवानी की अदालत ने सुनाया। विद्वान अदालत ने इस आरोपी को तीन-तीन वर्ष की सश्रम कारावास के अलावा तीन-तीन हजार रुपये अर्थदंड से भी दंडित किए हैं।
अभिजन के अनुसार वनिता चौधरी ग्राम मोहगांव कला में अपने परिवार सहित निवास करती है। जिनकी पड़ोस में रहने वाले कृष्णा बागबंदे और उसके परिवार से आपसी पुरानी रंजिश बनी हुई ।
8 जून 2019 को अनिता चौधरी अपने परिवार के साथ घर में थी। तभी 4:30 बजे पड़ोसी कृष्णा बागबंदे से विवाद हो गया।
इसी दिन शाम 7 बजे वनिता चौधरी अपने घर मैं काम कर रही थी। तभी कृष्णा कमरे में आया और मिट्टी तेल था जिसने वनीता चौधरी के ऊपर ऊपर छिड़ककर माचिस की जलती तीली फेंक कर आग लगा दिया।
जिससे वनिता चौधरी बहुत अधिक जल गई थी। वनीता चौधरी को 108 एंबुलेंस से जिला अस्पताल बालाघाट लाकर भर्ती किया गया था। जहां जिला अस्पताल पुलिस द्वारा वनीता चौधरी के बयान लिए गए थे। इस मामले में किरनापुर पुलिस थाना में कृष्णा बागबंदे के विरुद्ध धारा 307 459 भादवि के तहत अपराध दर्ज किया गया था।
इस अपराध में कृष्णा बागबंदे को गिरफ्तार करके किया गया। विवेचना उपरांत अभियोग पत्र विद्वान अदालत में पेश किया गया था। यह प्रकरण विद्वान सत्र न्यायाधीश अमरनाथ केशरवानी की अदालत में चला। जहां अभियोजन पक्ष आरोपी कृष्णा बागबंदे के विरुद्ध आरोपित अपराध सिद्ध करने में सफल रहा।










































