देश की सबसे बड़ी आईटी सर्विस कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी का शुद्ध लाभ (Net Profit) बाजार के अनुमान से थोड़ा कम रहा, जबकि राजस्व (Revenue) ने विश्लेषकों की उम्मीदों को पीछे छोड़ दिया। इसके साथ ही टीसीएस ने अपने शेयरधारकों के लिए 12 रुपये प्रति शेयर अंतरिम डिविडेंड (Interim Dividend) देने की भी घोषणा की है।
कितना रहा कंपनी का मुनाफा?
TCS का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट (Consolidated Net Profit) जून तिमाही में 13,349 करोड़ रुपये रहा। यह पिछली तिमाही के मुकाबले लगभग 2.6% कम है लेकिन पिछले वर्ष की समान तिमाही की तुलना में 5.5% अधिक है। ऑपरेशनल स्तर पर कंपनी का ऑपरेटिंग मार्जिन 24% रहा। वहीं, परिचालन गतिविधियों से कंपनी ने 12,412 करोड़ रुपये का शुद्ध नकद (Net Cash from Operations) अर्जित किया, जो इस तिमाही के शुद्ध लाभ का लगभग 93% है।
राजस्व ने उम्मीदों से किया बेहतर प्रदर्शन
कंपनी का मुनाफा अनुमान से थोड़ा कमजोर रहा, लेकिन राजस्व उम्मीद से बेहतर रहा। कंपनी का राजस्व तिमाही आधार पर 2.2% और सालाना आधार पर 13.9% बढ़कर 72,275 करोड़ रुपये पहुंच गया। इस बेहतर प्रदर्शन में बैंकिंग, फाइनेंशियल सर्विसेज और इंश्योरेंस (BFSI) सेक्टर की मजबूत मांग का बड़ा योगदान रहा।
AI और बड़े कॉन्ट्रैक्ट्स से मिला सहारा
कंपनी ने बताया कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से जुड़ी सेवाओं की मांग लगातार बढ़ रही है। TCS की वार्षिक AI सर्विसेज रेवेन्यू भी पहले के मुकाबले बढ़ी है। इसके अलावा, कंपनी को इस तिमाही में कई बड़े वैश्विक ग्राहकों से नए कॉन्ट्रैक्ट भी मिले हैं, जिससे आने वाली तिमाहियों के कारोबार को मजबूती मिलने की उम्मीद है। हालांकि, तिमाही के दौरान कंपनी की कुल डील वैल्यू (TCV) पिछले क्वार्टर की तुलना में कुछ कम रही।
शेयरधारकों को मिलेगा 12 रुपये का डिविडेंड
तिमाही नतीजों के साथ TCS के बोर्ड ने 12 रुपये प्रति इक्विटी शेयर के अंतरिम डिविडेंड को मंजूरी दी है। इससे कंपनी के शेयरधारकों को अतिरिक्त आय का लाभ मिलेगा। डिविडेंड की रिकॉर्ड डेट और भुगतान से जुड़ी जानकारी कंपनी अलग से जारी करेगी।
कर्मचारियों की संख्या में बढ़ोतरी
TCS ने जून तिमाही के दौरान 9,279 नए कर्मचारियों को जोड़ा। इसके बाद कंपनी के कुल कर्मचारियों की संख्या बढ़कर 5.93 लाख से अधिक हो गई है। यह पिछले एक साल में कंपनी की सबसे बड़ी तिमाही भर्ती मानी जा रही है और इससे संकेत मिलता है कि कंपनी भविष्य की मांग को ध्यान में रखते हुए अपनी वर्कफोर्स क्षमता बढ़ा रही है।










































